मलिन बस्ती नगीना कॉलोनी में बुखार से पीडित पांच वर्षीय बच्ची की मौत के 36 घंटों बाद ही बंगाली कॉलोनी में एक और बच्ची की एसटीएच मौत हो गई है। बताया जा रहा है कि पीलिया बिगड़ने और लीवर फेल होने से उसकी जान गई। वह दस दिन से सुशीला तिवारी अस्पताल में भर्ती थी।
रक्षाबंधन के दिन गाजियाबाद निवासी संजय सिंह की पत्नी पायल अपनी छह साल की बेटी प्राची को लेकर बंगाली कॉलोनी में अपने भाई आकाश माथुर के घर आई थी। शनिवार को बच्ची की तबीयत खराब हुई तो उसे हल्द्वानी के सुशीला तिवारी चिकित्सालय में भर्ती कराया गया। रविवार शाम इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। एसटीएच में बाल रोग विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. अजय आर्या ने बताया कि प्राची दस दिनों से अस्पताल में भर्ती थी। उसका पीलिया बिगड़ गया था और पीलिया दिमाग तक पहुंच गया था। पीलिया के कारण उसका लीवर फेल हो गया था और रविवार शाम उसकी मौत हो गई।
स्वास्थ्य विभाग की टीम ने सर्वे किया
एसडीएम एपी बाजपेयी के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने सोमवार को नगर से सटी मलिन बस्तियों का दौरा कर लोगों का स्वास्थ्य परीक्षण किया और स्वच्छता बरतने के निर्देश दिए। मोटाहल्दू के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉ. गोपाल कर्नाटक, डॉ. लव पांडे, गोविंदी भैसोड़ा और कौशल्या पांडे ने बताया कि गाजियाबाद से आई बच्ची को पहले से ही पीलिया था। उसका इलाज गाजियाबाद में चल रहा था। जबकि दूसरी बच्ची नगीना कॉलोनी निवासी अल्तिफा पुत्री जानशेर की बुखार से मौत की पुष्टि हुई है। टीम ने संक्रामक रोगों के पनपने का कारण बताते हुए 40-50 घरों में सर्वे किया तो खांसी जुकाम के रोगी मिले। क्षेत्र पानी का संकट है। लोग पानी स्टोर कर एक सप्ताह तक प्रयोग कर रहे हैं। लोगों से साफ सफाई रखने और मच्छरों से बचाव की अपील की है। जागरूकता के लिए सप्ताह में दो बार टीमें भेजी जाएंगी।