अजय तीन भाइयों में सबसे बड़ा था। वह पिता के टेंट कारोबार में हाथ बंटाता था। उसकी तीन साल पहले ही पिंकी से शादी हुई थी। उसकी एक 11 माह की बेटी है। घटना के बाद से ही घर में कोहराम मचा है।
परिजनों को अनहोनी का अंदेशा
अजय का शव संदिग्ध हालात में रेलवे ट्रैक के किनारे मिलने से परिजन अनहोनी का अंदेशा जता रहे हैं। किरन के परिचित दिलीप अधिकारी ने बताया कि अजय ने घर के पास ठेली वाली से मीट बनाने की बात कही थी। लेकिन वह वापस लौटने के बजाय बिलासपुर कैसे पहुंच गया, यह समझ से परे हैं। इधर, किरन के पड़ोसी परिमल राय ने बताया कि मामला संदिग्ध प्रतीत हो रहा है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मृत्यु की वजह साफ होने के बाद आगे की कार्रवाई की जोगी।
मृतक के पिता पर हो चुका है जानलेवा हमला
पेशे से टेंट कारोबारी किरन सरदार वर्ष 2015 में उस समय चर्चा में आए थे, जब उन पर बदमाशों ने जानलेवा हमला किया था। 20 मार्च 2015 को दो बदमाशों ने घर लौटते समय किरन पर फायरिंग कर दी थी। पेट में गोली लगने से किरन गंभीर रूप से घायल हो गए थे। घटना के ठीक पांच महीने बाद अगस्त 2015 में फिर से किरन पर स्वचालित हथियारों से दो बदमाशों ने हमला किया था।
इसके बाद भीड़ ने दोनों बदमाशों को दबोचकर खूब पीटा था। दोनों बदमाशों की पहचान बिहार के भागलपुर के रहने वाले दो शूटरों के रूप में हुई थी। बदमाशों से पुलिस ने एक कार्बाइन, दो मैगजीन, 22 कारतूस और एक तमंचा बरामद किया था। किरण पर जानलेवा हमला उसके पूर्व किरायदार ने सुपारी देकर कराया था।