फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सुलह होते ही विधायक चैंपियन और कर्णवाल में फिर हो सकता है ‘पंगा’, अब इस बात पर बिगड़े

Thu, 09 Jan 2020 04:00 AM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून

सार

  • सीएम के दखल से दोनों नेताओं में हुआ था समझौता, एक दूसरे पर दायर केस लेंगे वापस 
विज्ञापन
कुंवर प्रणव सिंह चैंपियन/ विधायक देशराज कर्णवाल - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

भाजपा विधायक देशराज कर्णवाल और पार्टी से निष्कासित विधायक कुंवर प्रणव चैंपियन के बीच फिर ‘पंगा’ होने के आसार है। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के दखल से दोनों की दुश्मनी दोस्ती में बदली थी। लेकिन अब दोनों के रिश्तों में खटास पड़ती दिखाई दे रही है।

विज्ञापन


इसकी वजह एक-दूसरे पर दर्ज मुकदमे हैं। देशराज कर्णवाल का आरोप है कि चैंपियन अपने वादे से मुकर रहे हैं और उन पर दर्ज केस वापस नहीं ले रहे हैं। लिहाजा अब वे मुख्यमंत्री और पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष से शिकायत करने जा रहे हैं कि चैंपियन वादा पूरा नहीं कर रहे। उधर चैंपियन का कहना है कि केस उन्होंने दर्ज नहीं किया है, इसलिए उसे वापस लेने में समय लग रहा है।

सियासी जानकारों का कहना है कि दोनों नेताओं के बीच पंगा बढ़ा तो संगठन और सरकार को एक बार फिर असहज होना पड़ सकता है। पहले भी दोनों नेताओं के मेल मिलाप के प्रयास नाकाम हो चुके हैं। इस बार तो दोनों पर मुख्यमंत्री की गरिमा का लिहाज रखने का जिम्मा है। यदि इस बार चैंपियन और कर्णवाल एक-दूसरे के खिलाफ गए तो फिर उनके मेल मिलाप के प्रयास पूरी तरह से खत्म हो जाएंगे। 

विज्ञापन

दरअसल, मुख्यमंत्री के हस्तक्षेप से ही कर्णवाल और चैंपियन ने दोस्ती की शुरुआत की। उन्होंने देहरादून में संयुक्त प्रेस कांफ्रेंस में सभी गिले शिकवे भुलाकर नव वर्ष में रिश्तों की नई शुरुआत की घोषणा की थी। उन्होंने सार्वजनिक मंच से घोषणा की थी कि वे एक दूसरे पर दायर मुकदमे वापस लेंगे।

मुकदमों की एक सूची भी उनकी ओर से जारी हुई। अब कर्णवाल कह रहे हैं कि चैंपियन मुकदमा वापस लेने से पीछे हट रहे हैं। लिहाजा उनके पास अब सीएम और प्रदेश अध्यक्ष के दरवाजे पर दस्तक देने के सिवाय कोई चारा नहीं है। मुकदमा वापस न हो पाने को लेकर चैंपियन के अपने तर्क हैं।

उनका कहना है कि मुकदमा चूंकि उनके द्वारा दर्ज नहीं किया गया है, इसलिए इसके वापस लेने में देरी हो रही है। चैंपियन की ओर से कर्णवाल पर फर्जी जाति प्रमाण की सीबीआई जांच समेत चार मुकदमे वापस लिए जाने हैं। करीब इतने ही मुकदमे कर्णवाल को वापस लेने हैं। लेकिन मुकदमा वापसी को लेकर दोनों नेताओं के बीच फिर से पंगा होने के आसार बन गए हैं।
विज्ञापन

मुझे अमित शाह जी ने निष्कासित किया

खानपुर के विधायक कुंवर प्रणव चैंपियन ने कहा कि उन्हें भाजपा विधायक देशराज कर्णवाल की वजह से पार्टी से निष्कासित नहीं किया गया। उनके निष्कासन की वजह दूसरी थी, जिस पर पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह जी के निर्देश पर कार्रवाई हुई। 

चैंपियन समझौते से पीछे हट रहे हैं। मैंने उनसे मुकदमा वापस लेने के बारे में बात की। लेकिन उनका कहना है कि मुकदमा उन्होंने नहीं किया है, इसलिए उसे वे वापस नहीं ले सकते। मैंने तय किया है कि इस मामले को मैं मुख्यमंत्री और प्रदेश अध्यक्ष से उठाऊंगा।
- देशराज कर्णवाल, भाजपा विधायक, झबरेड़ा

मैं क्षत्रिय हूं और मैंने जो वादा किया है उसे पूरा करूंगा। जिस व्यक्ति ने कर्णवाल पर मुकदमा किया है, उसके अधिवक्ता मुकदमा वापस लेने को राजी नहीं है। अधिवक्ता को बदल कर मुकदमा वापस लिया जाएगा।
- कुंवर प्रणव चैंपियन, विधायक, खानपुर
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें