पहाड़ में बारिश और बर्फबारी का सिलसिला थमने को नहीं है। बृहस्पतिवार को भी चारों धामों सहित ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी का सिलसिला जारी रहा। केदारनाथ में दिनभर हल्की बर्फबारी हुई। इस दौरान करीब एक फीट ताजी बर्फ जम गई है। गंगोत्री, यमुनोत्री, बदरीनाथ और हेमकुंड साहिब समेत ऊंचाई वाले क्षेत्रों में दोपहर बाद हिमपात हुआ है।
खरसाली गांव के कुलदीप उनियाल ने बताया कि यमुनोत्री धाम व खरसाली गांव के आसपास शाम से बर्फबारी होने से धाम में चल रहे पुनर्निर्माण कार्य प्रभावित हो गए हैं। मुखबा गांव स्थित गंगा मंदिर के पुजारी सुधांशु सेमवाल ने बताया कि गंगोत्री क्षेत्र में बुधवार रात से ही रुक-रुक कर बर्फबारी हो रही है, जिससे पूरे उपला टकनौर क्षेत्र में ठंड का प्रकोप बढ़ गया है।
केदारनाथ में सुबह छह बजे से शुरू हुआ हल्की बर्फबारी का सिलसिला शाम तक जारी रहा। इससे पहले बुधवार दोपहर बाद से देर रात तक एक फीट तक बर्फ गिरी थी। बीते दो दिनों में रुक-रुककर 20 घंटे से अधिक समय तक बर्फबारी हुई है। इस दौरान अधिकतम तापमान आठ और न्यूनतम माइनस छह डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। द्वितीय केदार मद्महेश्वर और तृतीय केदार तुंगनाथ धाम में भी बर्फबारी हुई है। रुद्रप्रयाग सहित जनपद के अन्य क्षेत्रों में दोपहर बाद से घने बादल छाए रहे। इस दौरान बूंदाबांदी भी हुई।
सीमांत क्षेत्र में बृहस्पतिवार को मौसम ने एक बार फिर से करवट ली है। जिला मुख्यालय समेत आसपास के क्षेत्रों में शाम को झमाझम बारिश हुई, वहीं मुनस्यारी की ऊंची चोटियों पर हिमपात हुआ है। बारिश और हिमपात से एक बार फिर से लोगों को कड़ाके की ठंड का सामना करना पड़ रहा है।
सीमांत क्षेत्र में बृहस्पतिवार सुबह थोड़ी देर के लिए धूप निकली। बाद में बादल छाने लगे। शाम को चार बजे बाद तेज गरज और चमक के बीच बारिश शुरू हुई। झमाझम हुई बारिश से एक बार फिर से क्षेत्र में ठंड लौट आई है।
मुनस्यारी की ऊंची चोटियों हंसलिंग, राजरंभा, पंचाचूली, नाग्निधुरा चोटियों पर फिर से हिमपात होने से निचले इलाकों में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। शाम के समय हल्की बूंदाबांदी भी हुई। इस दौरान जिला मुख्यालय सहित कुछ हिस्सों में तेज अंधड़ भी चला।