बेंगलुरू में आयोजित राष्ट्रीय कार्यसमिति की बैठक के बाद अब भाजपा का पूरा फोकस हरिद्वार में भगवानपुर उप-चुनाव पर होगा।
11 अप्रैल को मतदान होना है, इससे पहले ही भाजपा पूरी ठोस रणनीति के तहत पार्टी नेताओं को भगवानपुर में उतारेगी। सोमवार को पूर्व सीएम भगत सिंह कोश्यारी व पूर्व केंद्रीय राज्यमंत्री बची सिंह रावत भगवानपुर पहुंच रहे है।
प्रदेश भाजपा अध्यक्ष तीरथ सिंह रावत ने कहा कि कई बड़े नेता भगवानपुर पहुंच रहे हैं। हरिद्वार के सांसद रमेश पोखरियाल निशंक ने चुनावी क्षेत्र में ही डेरा डाल रखा है। उन्होंने कहा कि जनता में राज्य की कांग्रेस सरकार के खिलाफ बहुत नाराजगी है इसलिए भाजपा की जीत तय है।
तीरथ का कहना है कि अब चुनाव प्रचार समाप्त होने की अवधि तक हर कार्यकर्ता को सक्रिय कर आगे बढ़ा जाएगा। भाजपा को उम्मीद है कि बसपा का वोटर पार्टी के पलड़े में झुक सकता है।
हालांकि पूरी तरह से अनुसूचित जाति बाहुल्य क्षेत्र होने और मंत्री सुरेंद्र राकेश के निधन से उपजी सहानुभूति के बाद भाजपा को कड़ी मशक्कत करनी पड़ेगी।
भाजपा के रणनीतिकार यह भी मान रहे हैं कि यदि कांग्रेस के पास यह सीट गई तो बहुमत के लिहाज से तलवार की धार पर चल रही हरीश सरकार को बड़ी राहत मिलेगी। यदि भाजपा जीतने में कामयाब रही तो कांग्रेस की रणनीति को झटका लगेगा।