अगर आपने किसी बैंक से लोन लिया है और कुछ साल बाद ही उसकी ब्याज दरें आपके बजट पर भारी साबित होने लगी हैं तो आप कम ब्याज दर वाले किसी दूसरे बैंक में अपने लोन को ट्रांसफर करा सकते हैं।
देहरादून में खासकर होम लोन ट्रांसफर के केस में तेजी आई है। एक बार किसी प्राइवेट या सरकारी बैंक से लोन लेने के बाद दूसरे बैंक में ट्रांसफर कराया जा सकता है। कई प्राइवेट बैंकों और कंपनियों में ब्याज दरें और छिपी शर्तें कई ग्राहकों के लिए सिरदर्द बन रही हैं।
दूसरी ओर, कुछ सरकारी बैंक बेहद आसान किश्तों पर 30 साल तक के लिए होम लोन दे रहे हैं। ऐसे में कोई भी ग्राहक जिसने किसी बैंक से लोन लिया हो और वह परेशान हो, आसानी से अपना बैंक बदल सकता है। उत्तराखंड ग्रामीण बैंक के वरिष्ठ प्रबंधक नवीन रैना ने बताया कि एक बैंक से लोन लेने के कम से कम दो से तीन साल बाद ही उसे दूसरे बैंक में ट्रांसफर कर सकते हैं।
मुकुल ने एक प्राइवेट बैंक से होम लोन लिया। जब लोन लिया तो ब्याज दरें कम लगीं, लेकिन दो साल बाद ही भारी ब्याज दरों से मुश्किल हालात पैदा हो गए। इसके बाद उन्होंने सरकारी बैंक में लोन ट्रांसफर का फैसला लिया। प्राइवेट बैंक से एनओसी लेकर औपचारिकताएं पूरी की और सरकारी बैंक ने उनका लोन टेकओवर कर लिया।
विकासनगर निवासी राजेंद्र ने एक निजी हाउसिंग फाइनेंस कंपनी से लोन लेकर आशियाना बनाया। कुछ दिन तो सबकुछ सही लगा, लेकिन बाद में पता चला कि कुछ सरकारी बैंकों में होम लोन की कई अच्छी सुविधाएं और कम ब्याज दरें हैं। उन्होंने भी सरकारी बैंक में अपना लोन ट्रांसफर करा लिया।
ऐसे होता है लोन ट्रांसफर
लोन ट्रांसफर का फायदा लेने के लिए सबसे पहले जहां से लोन चल रहा है, वहां एनओसी लेनी होगी। एनओसी के लिए संबंधित बैंक को आवेदन करना होगा। बैंक आसानी से एनओसी दे देगा। इसके बाद आपको दूसरे बैंक में लोन ट्रांसफर को आवेदन करना होगा, जिसमें सभी कागजात के साथ ही एनओसी लगानी जरूरी होगी।
नया बैंक आपके पुराने बैंक के पास वह आवेदन भेजेगा। वेरिफिकेशन होने के बाद नए बैंक से पुराने बैंक को लोन का बचा हुआ पैसा ट्रांसफर कर दिया जाएगा। अब आपका लोन नए सिरे से नए बैंक में शुरू हो जाएगा। जमीन की रजिस्ट्री व दूसरे कागजात पुराने बैंक से नए बैंक के सुपुर्द हो जाएंगे। नया बैंक बाकी सभी औपचारिकताएं अपने स्तर से करेगा। इसमें लोन ट्रांसफर का मामूली चार्ज भी लगेगा।
होम लोन या किसी पुराने प्रोजेक्ट को बढ़ाने के लिए और पैसे की जरूरत हो तो लोन ट्रांसफर का फायदा लिया जा सकता है। नए बैंक में लोन ट्रांसफर कराने के लिए वाजिब वजह भी बतानी होगी।
- नवीन रैना, वरिष्ठ प्रबंधक, उत्तराखंड ग्रामीण बैंक