पतंजलि योगपीठ के महामंत्री आचार्य बालकृष्ण ने कहा कि प्रदेश सरकार जिस प्रकार जबरदस्ती कर रही है, उसका आधा जवाब तो चार राज्यों की जनता रविवार को दे देगी। शेष जवाब के लिए अभी कुछ महीने प्रतीक्षा करनी पड़ेगी। उन्होंने कहा कि हमने कोई अपराध नहीं किया और नोटिसों का जवाब यथासमय दिया जाएगा।
नए नहीं हैं नोटिस
प्रदेश सरकार द्वारा भिजवाए गए 85 नोटिसों पर प्रतिक्रिया देते हुए आचार्य बालकृष्ण ने कहा कि ये नोटिस नए नहीं हैं। इससे पहले भी केंद्र सरकार के विभिन्न कार्यालय नोटिस भेजते आए हैं।
पांच वर्ष पूर्व जबसे बाबा रामदेव ने कालेधन के खिलाफ अभियान छेड़ा था, तभी से पतंजलि योगपीठ केंद्र और कांग्रेस शासित सरकारों की आंखों में किरकिरी बन गई।
उत्तराखंड की सरकार अपने द्वारा उठाए गए कदमों से स्वयं हास्यास्पद बन गई है।आचार्य बालकृष्ण ने बताया कि नोटिसों का सिलसिलेवार जवाब दिया जाएगा और संबंधित स्थानों पर उचित पैरवी की जाएगी।
पतंजलि से जुड़े प्रतिष्ठानों में कुछ भी अनियमित नहीं हो रहा। एक दिन योगपीठ के सभी प्रतिष्ठान दोषमुक्त हो जाएंगे।