पूर्व मुख्यमंत्री डा. रमेश पोखरियाल निशंक ने सवाल उठाया कि वो रामदेव कौन थे जिनका लाल कारपेट पर कांग्रेसी के मंत्री खड़े होकर अभिनंदन किया करते थे। और ये रामदेव कौन हैं? दरअस्ल जो भी सरकार के खिलाफ बोलेगा, उसका मुंह बंद करने के लिए मुकदमे और कार्रवाई शुरु हो जाएगी।
अपने काम निपटा रही है सरकार
पूर्व मुख्यमंत्री निशंक मंगलवार को विश्व संवाद केंद्र में पत्रकारों से मुखातिब थे। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार अपने काम के अलावा सब कुछ कर रही है। प्रदेश में संवैधानिक संकट पैदा हो गया है। विधानसभा अध्यक्ष भी सरकार के खिलाफ बोल चुके हैं। चार मंत्री अपनी ही सरकार के खिलाफ खड़े हैं।
निशंक ने कहा कि हरिद्वार में सिडकुल घोटाला, विस्थापितों का मामला, ग्रीन बेल्ट को औद्योगिक प्रतिष्ठानों के लिए बेचने समेत कई मामले हैं जिनकी जांच रिपोर्ट का पता नहीं है। उन्होंने कहा कि सरकार ने अगले साल की चारधाम यात्रा पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
कपाट खुलने पर वीभत्स दृश्य देखने को मिलेगा। सरकार अभी तक शव नहीं बटोर पाई। रामबाड़ा के ऊपर शव बिखरे पड़े हैं। उन्होंने कहा कि उनके पास सारे प्रमाण हैं, वक्त आने पर देंगे।