आयुष्मान योजना में प्रदेश में अब तक 39 लाख लाभार्थियों के गोल्डन कार्ड बने हैं। 99 प्रतिशत लाभार्थियों के कार्ड आधार कार्ड से लिंक है। दो साल में प्रदेश के 2.6 लाख से अधिक मरीजों के इलाज पर सरकार ने 192 करोड़ की राशि व्यय की है।
सबसे ज्यादा डायलिसिस के 1.10 लाख मरीजों को योजना लाभ मिला है। इसके अलावा सर्जरी, कैंसर, हृदय रोग, हड्डी रोग समेत अन्य गंभीर बीमारियों का भी योजना में इलाज किया गया है।
प्रदेश में आयुष्मान योजना को बेहतर ढंग से संचालित किया जा रहा है। जो कमियां है, उनमें सुधार करने का प्रयास किया जा रहा है। हमारी कोशिश है कि पात्र लाभार्थियों को योजना में बेहतर इलाज की सुविधा मिले। इसके लिए अस्पतालों को समय पर क्लेम का भुगतान और फ्रॉड मामलों की गहन निगरानी की जा रही है।
- डीके कोटिया, अध्यक्ष, राज्य स्वास्थ्य प्राधिकरण