बडे़ अस्पतालों में आरक्षित किए जाएंगे 10 बेड
आयुष्मान धारक मरीजों का इलाज कराने के लिए बड़े अस्पतालों में 10 बेड आरक्षित किए जाएंगे। जिससे आपात स्थिति में आयुष्मान कार्ड पर मरीजों को भर्ती करने के लिए बेड उपलब्ध हो सके।
अब तक 58 लाख लाभार्थियों के बने आयुष्मान कार्ड
आयुष्मान योजना में अब तक 58 लाख लोगों के कार्ड बन चुके हैं। इसमें 12.50 लाख मरीजों का निशुल्क इलाज का लाभ मिला। इलाज पर प्रदेश सरकार ने 2542 करोड़ रुपये खर्च किए।
आयुष्मान मित्र का ये काम
अस्पतालों में आयुष्मान मित्र का काम कार्ड धारक मरीज का सहयोग करना है। यदि किसी पात्र लाभार्थी के कार्ड नहीं है तो आयुष्मान मित्र कार्ड बना कर देगा। इसके अलावा इलाज, दवाइयों व जांच संबंधी प्रक्रिया में सहयोग करना है। जिससे मरीजों को जानकारी न होने के अभाव में भटकना न पड़े। यदि अस्पताल प्रबंधन आयुष्मान कार्ड में इलाज करने में आनाकानी करते हैं या मरीजों से पैसे लेते हैं तो इसकी शिकायत भी आयुष्मान मित्र से कर सकते हैं।