केदारनाथ धाम में एक बार फिर हिमस्खलन की घटना की सामने आई है। सुबह 7:30 बजे सुमेरु पर्वत से एवलांच आया है। इस दौरान लोग यहां वीडियो बनाने लगे। हालांकि घटना से किसी भी तरह की कोई हानि होने की सूचना नहीं है।
उच्च हिमालय क्षेत्र में अक्सर हिमस्खनल की घटनाए होती है। केदारनाथ धाम में इस वर्ष मई में भी एवलांच आया था। जबकि बीते वर्ष सितंबर और अक्टूबर में भी एवलांच की तीन घटनाएं हुई थी। वहीं सरस्वती नदी का जलस्तर बढ़ गया है।
चोराबाड़ी ग्लेशियर जोन में हुआ था हिमस्खलन
बता दें, 9 जून 2023 को केदारनाथ में चोराबाड़ी ग्लेशियर जोन में हिमस्खलन हुआ था। इससे काफी देर तक बर्फ का गुबार उठता रहा। इस दौरान केदारनाथ धाम में मौजूद कई श्रद्धालुओं ने इस घटना को अपने मोबाइल में कैद किया। इसी रास्ते से जून 2013 की आपदा में भी भारी मात्रा में मलबा और पानी आया था। बीते दस माह में हिमस्खलन (एवलांच) की यह पांचवीं घटना है। बीते वर्ष सितंबर-अक्तूबर में भी इसी क्षेत्र में एवलांच आया था।
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केदारनाथ से करीब चार किमी पीछे चाेराबाड़ी ताल के ऊपरी क्षेत्र में स्थित ग्लेशियर के एक हिस्से में हिमस्खलन हुआ था। इस दौरान पांच से सात मिनट के लिए क्षेत्र में बर्फ का गुबार उठा। जिस तरह से बर्फ का गुबार तेजी से नीचे की तरफ खिसक रहा था, उससे अनुमान लगाया गया कि काफी ऊंचाई से भारी मात्रा में नई बर्फ टूटकर गिरी है।