देश में किसानों की वर्ष 2022 तक आय दोगुनी कैसे की जा सके इसे लेकर केंद्र की ओर से मंथन किया जा रहा है, कृषि वैज्ञानिकों एवं विश्वविद्यालयों से इसके लिए सुझाव मांगे गए हैं, लेकिन देहरादून में एक किसान अतर सिंह चौहान ने यह कर दिखाया है। उसने एक बीघा भूमि पर टमाटर का सीजन में 50 क्विंटल से अधिक का उत्पादन किया है। जबकि दून में औसतन मुश्किल से 25 क्विंटल का उत्पादन होता रहा है।
किसानों की कृषि, बागवानी और पशुपालन से वर्ष 2022 तक दोगुनी आय को लेकर केंद्र की ओर से कवायद की जा रही है। उसकी ओर से इसके लिए इस क्षेत्र के विशेषज्ञों से रिपोर्ट मांगी गई है। उत्तराखंड में कृषि विश्वविद्यालय पंतनगर को इसकी जिम्मेदारी दी गई है। विश्वविद्यालय के वैज्ञानिक इसके लिए कई बैठकें कर चुके हैं।
जो इसी 31 मई को केंद्र को अपनी रिपोर्ट सौंपने जा रहे हैं। उन्होंने कृषि व इससे जुड़े क्षेत्र से दोगुनी आय को लेकर कई सुझाव तैयार किए हैं, लेकिन कालसी के व्यासभूड गांव के किसान अतर सिंह चौहान ने यह कर दिखाया है। कृषि वैज्ञानिकों एवं जलागम के सहयोग से उसने टमाटर की उन्नत प्रजाति की खेती की।
इसके लिए समय-समय पर कृषि वैज्ञानिकों के सुझाव पर कीटनाशकों का प्रयोग किया और कभी दो से तीन क्विंटल उत्पादन लेने वाले किसान ने एक बीघा में टमाटर का 50 क्विंटल से अधिक उत्पादन कर दिखाया है। हालांकि क्षेत्र में सिंचाई की समस्या के चलते उसे कुछ परेशानी उठानी पड़ी।