आपका बच्चा सेना में अफसर बनने का सपना देखता है तो राष्ट्रीय इंडियन मिलिटरी कालेज (आरआईएमसी) के दरवाजे उसके लिए खुले हैं।
दाखिले के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू
कॉलेज में कक्षा आठ में दाखिले के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू हो गई है। एनडीए के जरिये सेना में अधिकारी बनने का रास्ता आरआईएमसी से खुलता है।
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वर्ष 1922 में स्थापित आरआईएमसी को देश के सर्वोच्च शिक्षण संस्थान का दर्जा प्राप्त है। यहां जनवरी 2015 सत्र में आठवीं में दाखिले के लिए अभ्यर्थी 31 मार्च 2014 तक आवेदन कर सकते हैं।
आवेदक आवेदन पत्र अपने ही राज्य में आरआईएमसी के बताए केंद्र पर जमा करा सकेंगे। प्रवेश परीक्षा एक और दो जून को हर राज्य की राजधानी में एक साथ आयोजित होगी।
चयनित अभ्यर्थियों की मौखिक परीक्षा नौ अक्तूबर को होगी। 25 से 28 सीटों पर दाखिला दिया जाएगा।
साढ़े 11 वर्ष से 13 वर्ष के बीच उम्र
आवेदक की आयु एक जनवरी 2015 को साढ़े 11 वर्ष से 13 वर्ष के बीच में होनी चाहिए। फार्म मंगाने के लिए कमांडेंट आरआईएमसी, देहरादून के नाम बैंक ड्राफ्ट बनवाकर भेजें।
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आपके द्वारा दिए गए पते पर ही प्रॉस्पेक्टस और गत दस वर्षों के प्रश्नपत्र भी भेजे जाएंगे। सामान्य व ओबीसी अभ्यर्थियों के लिए रजिस्ट्री शुल्क सहित 400, स्पीड पोस्ट के साथ 405 जबकि एससी एसटी के लिए क्रमश: 355 रुपए और 405 रुपए शुल्क रखा गया है।
ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया जल्द
फिलहाल आवेदन प्रक्रिया ऑफलाइन है। लेकिन जल्द ही प्रक्रिया को आनलाइन करने की तैयारी है। इसके बाद देशभर से आवेदन मंगाने वालों के लिए सहूलियत हो जाएगी।
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उन्हें आरआईएमसी की वेबसाइट पर आवेदन शुल्क जमा कराने के बाद बताए गए पते पर आवेदन भेजना होगा।
अभिभावकों के हिस्से मामूली खर्चा
आरआईएमसी के हर कैडेट पर सालाना 1.5 लाख रुपए का खर्च आता है, लेकिन अभिभावकों को इसमें से सिर्फ 36,400 रुपए वार्षिक देने होते हैं। बाकी खर्चा भारत सरकार वहन करती है।
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सात राज्यों (गुजरात, दिल्ली, त्रिपुरा, मेघालय, गोवा दमन एवं दीव, अंडमान निकोबार, दादर एवं नगर हवेली) को छोड़ बाकी राज्यों की सरकारें आरआईएमसी में अपने यहां के छात्रों को सालाना 10 से 20 हजार रुपए छात्रवृत्ति देती हैं।
इसके अलावा संस्थान में 15 अन्य छात्रवृत्तियां भी दी जाती है। ऐसे में अभिभावकों का खर्चा और कम हो जाता है।
गौरवशाली है इतिहास
आरआईएमसी ने भारत समेत पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान को भी वरिष्ठ सैन्य अधिकारी दिए हैं। संस्थान से पूर्व आर्मी चीफ पद्मभूषण जनरल केएस थिमैय्या, पद्म भूषण जनरल जीजी बेवूर, जनरल वीएन शर्मा, जनरल एस पद्मनाभन और एयर चीफ मार्शल एनसी सूरी के अलावा से पाकिस्तान के पूर्व मंत्री मेजर जनरल नसरुल्लाह बाबर, विदेश मंत्री ले.जन. साहिबजादा याकूब खान, पूर्व कमांडर इन चीफ ले.जन. गुल हसन खान, पूर्व वायु सेना प्रमुख एयर मार्शल असगर खान व एयर मार्शल नूर खान निकले हैं।
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हम प्रयास कर रहे हैं। जल्द ही आवेदन पत्र का ऑर्डर वेबसाइट पर दिया जा सकेगा। बाकी प्रक्रिया में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
- कर्नल एचएस बैंसला, कमांडेंट, आरआईएमसी