छह सूत्री मांगों पर कार्रवाई न होने से नाराज प्रदेशभर की एएनएम मंगलवार से हड़ताल पर रहेंगी। उन्होंने सरकार को कार्रवाई के लिए पांच सितंबर तक का समय दिया था। वक्त गुजरने के बाद भी कार्रवाई न होने पर उन्होंने पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार आंदोलन का एलान किया है।
उत्तराखंड मातृ शिशु एवं परिवार कल्याण महिला कर्मचारी संघ की प्रदेश अध्यक्ष गुड्डी मटूडा ने बताया कि वह लंबे समय से समस्याओं के समाधान को लेकर प्रयास कर रही हैं। सीएम और स्वास्थ्य मंत्री समेत उच्चाधिकारियों से कई बार कार्रवाई का आश्वासन मिलने के बाद भी आज तक कुछ नहीं हुआ।
उन्होंने बताया कि महिला स्वास्थ्य कर्मियों का ग्रेड वेतन 2800 से घटाकर 2000 कर दिया गया, जिसे पुन: संशोधित किया जाना चाहिए। उनकी मांग है कि महिला स्वास्थ्य कर्मियों के कार्यों और दायित्वों को देखते हुए 2800 की जगह पर 4200 का ग्रेड वेतन मिलना चाहिए। साथ ही, महिला स्वास्थ्य कर्मियों का विभागीय ढांचा, महिला स्वास्थ्य कर्मियों के 440 पदों पर भर्ती प्रक्रिया पूरी कर नियुक्ति और सभी महिला स्वास्थ्य कर्मियों को यू हेल्थ कार्ड का लाभ दिया जाना चाहिए।
कई कार्यक्रम होंगे प्रभावित
प्रदेश महासचिव पवन कुमार सैनी ने बताया कि एएनएम गर्भवतियों के टीकाकरण और सुरक्षित प्रसव समेत तमाम कार्यक्रमों से जुड़ी हैं। पहाड़ के दूरस्थ और दुर्गम क्षेत्रों से लेकर मैदानी क्षेत्रों तक की स्वास्थ्य सेवाओं में उनका बेहद अहम रोल है। उनके हड़ताल पर होने से यह सभी कार्य प्रभावित होंगे।