नए मुख्य आयकर आयुक्त बिपिन बिहारी सिंह ने इस गिरावट को रोकने के लिए नए करदाताओं की तलाश की कवायद शुरू कर दी है। अमर उजाला से विशेष बातचीत में बताया कि तमाम ऐसे लोग हैं जो कि लगातार जीएसटी रिटर्न फाइल कर रहे हैं, लेकिन इनकम टैक्स रिटर्न फाइल नहीं कर रहे हैं। इन सभी की पहचान आसानी से हो जाएगी क्योंकि जीएसटी रजिस्ट्रेशन में पैन नंबर भी दर्ज किया जाता है। इस पैन नंबर के आधार पर ऐसे व्यापारियों की सूची तैयार की जा रही है। इसके बाद इनसे टैक्स वसूला जाएगा।
कई साल के बाद गिरावट
वित्तीय वर्ष 2017-18 में प्रदेशभर से 10,840 करोड़ रुपये टैक्स जमा हुआ था। इसके बाद वित्तीय वर्ष 2018-19 में 13,400 करोड़ रुपये का आयकर संग्रह किया गया। इस साल इस आयकर संग्रह में करीब 15 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई है। यह कई साल के बाद बड़ी गिरावट है।