भारतीय मृदा एवं जल संरक्षण संस्थान के सभागार में आयोजित कार्यशाला में विकसित कृषि संकल्प अभियान की गतिविधियों पर चर्चा हुई। इस दौरान कई राज्यों के वैज्ञानिकों ने अपने-अपने क्षेत्र की जानकारियां साझा की।
इस दौरान वैज्ञानिकों ने कहा कि अभियान कृषि विकास को बढ़ावा देने की केंद्र सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल साबित होगा।
कार्यशाला में देहरादून, आगरा, बेल्लारी, चंडीगढ़, दतिया, कोरापुट, कोटा, उदगमंडलम और बसाड़ आदि केंद्रों के वैज्ञानिक शामिल हुए। वैज्ञानिकों ने अभियान के दौरान किसानों से मिली जानकारी, मिट्टी की उत्पादक क्षमता, बीज, खाद, खेती में अपनाई जाने वाली तकनीक आदि की जानकारियों को एक-दूसरे के साथ साझा किया।
संस्थान की निदेशक डाॅ. एम मधु ने कहा कि अभियान से विभिन्न कृषि जलवायु क्षेत्रों में किसान समुदायों के साथ संस्थान की भागीदारी को मजबूत करने का एक उल्लेखनीय अवसर प्राप्त हुआ है। उन्होंने वैज्ञानिकों से जमीनी अनुभव, अनुसंधान योग्य सुझावों पर काम करने का अनुरोध किया। उन्होंने कहा कि कार्यशाला में चर्चा से विभिन्न केंद्रों के अनुभवों को समन्वित करने, भविष्य की पहल के लिए नवाचारों की खोज करने आदि में महत्वपूर्ण साबित होगी। इस अवसर पर अभियान के समन्वयक डाॅ. बांके बिहारी, डा़ॅ एम मुरूगानंदम, एसएस श्रीमाली आदि उपस्थित रहे।