गुरुकुल कांगड़ी विवि के द्वितीय परिसर कन्या गुरुकुल में नेहा चौधरी के अध्यक्ष बनते ही छात्राओं ने इतिहास की नई इबारत लिख दी है। विवि के 111 साल के इतिहास में यह पहला मौका है जबकि छात्रा कल्याण परिषद का चुनाव हुआ है।
गुरुकुल कांगड़ी विवि के द्वितीय परिसर कन्या गुरुकुल में शनिवार को छात्राओं ने इतिहास रच दिया। विश्वविद्यालय के १११ साल के इतिहास में पहली बार छात्राओं के चुनाव कराए गए।
अमर उजाला ने मुहिम छेड़ी
अमर उजाला की मुहिम के बाद शनिवार को छात्रा कल्याण परिषद के लिए मतदान हुआ। अध्यक्ष पद पर नेहा चौधरी और सचिव पद पर सुरभि गोयल ने बाजी मारी।
यहां पर पहले केवल छात्रों को चुनाव में भागीदारी का अधिकार था। छात्राओं को मत देने का हक नहीं था। अमर उजाला ने छह सितंबर २०१२ से छात्राओं को उनका हक दिलाने की मुहिम शुरु की थी।
मतदान का प्रयोग किया
अमर उजाला की मुहिम रंग लाई। कन्या गुरुकुल परिसर में पहले कक्षा प्रतिनिधि चुने गए और फिर कक्षा प्रतिनिधियों ने मिलकर छात्रा कल्याण परिषद कार्यकारिणी का चुनाव किया। अध्यक्ष पद की प्रत्याशी नेहा चौधरी १२ मत हासिल कर जीत दर्ज की और दूसरी प्रत्याशी ईरा प्रजेश को १० मत मिले।
उपाध्यक्ष पद पर ईडा आर्य को १२ और दिव्या गुप्ता को दस वोट मिले। सचिव पद पर सुरभि गोयल निर्विरोध चुनी गई। सहसचिव पद पर प्रीति १२ वोट हासिल कर विजयी रही। सुरभि मिश्रा को १० मत मिले।
छात्राओं ने जश्न मनाया
कोषाध्यक्ष पद पर सुआति चौधरी को १२ और विभा को १० वोट मिले। कार्यकारिणी सदस्य पद के लिए करुणा सैनी और अदिति निर्विरोध चुनी गई।
नेहा चौधरी की जीत के साथ ही कैंपस में छात्राओं ने जश्न मनाना शुरु कर दिया। छात्राएं इस दौरान जमकर ढोल नग़ाड़ों पर थिरकती हुई मानों एक नए सवेरे का आगाज कर रही थी।