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दून: यौन शोषण के खुलासे के बाद संवासिनियों का हुआ मेडिकल

Sat, 21 Nov 2015 04:14 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
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देहरादून नारी निकेतन में संवासिनियों से रेप और गर्भपात मामले में पुलिस-प्रशासन ने शनिवार सुबह संवासिनियों का मेडिकल परीक्षण कराया। शुक्रवार सुबह अधिकारियों की मौजूदगी में नारी निकेतन से संवासिनियों को लेकर प्रशासन की टीम दून अस्पताल पहुंची।
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शनिवार सुबह एडीएम झरना कामठान और समाज कल्याण विभाग के निदेशक के नेतृत्व में जांच टीम कड़ी सुरक्षा में दो संवासिनियों को लेकर दून महिला अस्पताल में पहुंची। यहां पर जांच टीम की मौजूदगी में डॉक्टरों की टीम ने संवासिनियों का मेडिकल किया।

नारी निकेलन में संवासिनियों के शोषण का मामला प्रशासन के गले की फांस बना हुआ है। गौरतलब है कि अमर उजाला ने पहले ही शनिवार को संवासिनियों का मेडिकल कराये जाने की संभावना जताई थी। अमर उजाला ने सबसे पहले नारी निकेतन में रेप और गर्भपात के मामले को उठाया था। इस मामले में नारी निकेतन से जुड़े एक संदिग्ध का भी नाम सामने आने के बाद पुलिस गोपनीय जांच में जुटी है।
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जांच टीम के पहुंचने पर न‌िकेतन में हुआ था हंगामा

वहीं, इससे पहले शनिवार को नारी निकेतन में जांच टीम के पहुंचने पर संवासिनियों ने जमकर हंगामा किया। नारी निकेतन के बाहर मीडिया को देखते ही अंदर से पत्थर चलने लगे। हंगामे के चलते जांच करने गई टीम बिना जांच किए ही वापस लौट गई। ऐसा लगता है कि नारी निकेतन में पहले से ही विरोध की पूरी तैयारी कर ली गई थी। संवासिनियों के हाथ में एक दो नहीं बल्कि अमर उजाला अखबार की कई प्रतियां थीं।

निकेतन के अंदर इतनी प्रतियां होने का मतलब है कि कोई संवासिनियों के मन में यह बात बैठाना चाह रहा था कि मीडिया उन्हें बदनाम करने की कोशिश कर रहा है। सवाल यह भी उठता है कि आखिर नारी निकेतन के अंदर पत्थर किसने रखवाये थे। कौन है जिसे मामले में इतना डरा हुआ है कि सच बाहर आने से रोकने के लिए हर हथकंडे अपना रहा है।

नारी निकेतन में संवासिनियों से दुराचार और गर्भपात के मामले में घिरा पुलिस-प्रशासन शनिवार को संवासिनियों का मेडिकल परीक्षण करा सकता है। देर रात तक इस मसले को अंतिम रूप देने की तैयारी चलती रही। इसी बीच नारी निकेतन से जुडे़ एक संदिग्ध का नाम आने के बाद पुलिस गोपनीय रूप से जांच पड़ताल में जुटी है। पुलिस भी जल्द मामले में पत्ते खोल सकती है।
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