एसपी चंपावत ने धरीराम के गांव गड्यूडा में पुलिसकर्मी भेजकर व उनका पता लगवाकर धरीराम की व उनके पुत्र रमेश की मुख्यमंत्री कार्यालय से बात करवायी।
मुख्यमंत्री कार्यालय के हस्तक्षेप से धरीराम की पेंशन दुबारा शुरू हो गई है। धरीराम आर्थिक रूप से कमजोर होने के साथ बहुत बीमार भी था। परिवार में कमाऊ सदस्य नहीं होने से वह न तो अपना इलाज करा पा रहा था। और नहीं परिवार की गुजर बसर हो रही थी। धरीराम का नाम उसके दस्तावेजों में आधार सेंटर की गलती से धनीराम हो गया था।
जिससे कारण उसे न तो पेंशन मिल रही थी और नहीं अन्य योजनाओं का लाभ मिल रहा था। एसपी ने समस्या को अति गंभीर देखते प्रशाशन से संपर्क कर तत्काल दस्तावेजों में सुधार करवाने की प्रक्रिया शुरू करवाने का अनुरोध किया। धरीराम की रुकी पेंशन भी शुरू हो चुकी है। एसपी ने बाकायदा पुलिस कर्मी गांव भेज धनीराम को उपचार के लिए जिला चिकित्सालय भर्ती करवाया। साथ ही सीएमओ को भी इस मामले में सहयोग की अपील की।