ब्यूरो/अमर उजाला/देहरादून।
नई दिल्ली से बृहस्पतिवार को जुड्डो पहुंची स्टीयरिंग कमेटी ने निर्माणाधीन व्यासी जल विद्युत परियोजना के कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं। इस दौरान स्टीयरिंग कमेटी के सदस्यों ने परियोजना के तहत निर्माणाधीन डैम और पावर हाउस का निरीक्षण कर जानकारियां भी जुटाईं।
केंद्र सरकार की मदद से जुड्डों व्यासी में 900 करोड़ की लागत से 120 मेगावाट की क्षमता वाली जल विद्युत परियोजना का निर्माण कराया जा रहा है। परियोजना के तहत टनल समेत कई निर्माण कार्य पूरा हो चुके हैं और डैम व पावर हाउस का निर्माण कार्य जारी है। इसी परियोजना की प्रगति का जायजा लेने नई दिल्ली से स्टीयरिंग टीम बृहस्पतिवार को औचक निरीक्षण के लिए पहुंची। इस दौरान स्टीयरिंग टीम सदस्यों ने मौकेपर मौजूद उत्तराखंड जल विद्युत निगम (यूजेवीएनएल) के प्रबंध निदेशक एसएन वर्मा को निर्माण कार्यों में तेजी लाने के लिए निर्देश दिए। 900 करोड़ की लागत वाली इस महत्वाकांक्षी जल विद्युत परियोजना के पूरा होने से 120 मेगावाट बिजली का उत्पादन हो सकेगा। इससे बिजली उत्पादन के क्षेत्र में राज्य की आत्मनिर्भरता बढ़ेगी। परियोजना को दिसंबर 2018 तक पूरा करने का लक्ष्य है। यूजेवीएनएल के प्रबंध निदेशक वर्मा ने बताया कि जल विद्युत परियोजना के चालू होने पर राज्य सरकार को सालाना 500 से लेकर 600 करोड़ रुपये की बचत होगी। इसके अलावा बिजली खरीद के लिए केंद्र व अन्य राज्यों पर निर्भरता कम होगी। परियोजना पर तेजी से काम किया जा रहा है। उम्मीद है कि दिसंबर 2018 तक बिजली उत्पादन शुरू कर दिया जाएगा।