ब्यूरो/अमर उजाला/देहरादून।
स्थानांतरण प्रक्रिया में शिक्षकों का कोटा निर्धारित किए जाने के विरोध में शिक्षा निदेशालय में राजकीय माध्यिमक शिक्षक संघ का धरना दूसरे दिन भी जारी रहा। शिक्षकों ने सरकार व शिक्षा मंत्री पर शिक्षकों के हितों की अनदेखी का आरोप लगाया है।
राजकीय माध्यिमक शिक्षक संघ (गढ़वाल मंडल) के संरक्षक शिव सिंह नेगी ने कहा कि लंबे समय से आंदोलन के बावजूद सरकार व शासन शिक्षकों की मांगों के समाधान प्रति गंभीर नहीं हैं। तबादला कानून में रिक्त पदों के सापेक्ष स्थानांतरण किए जाने की स्पष्ट व्यवस्था है, लेकिन सरकार ने तबादलों को मात्र 10 फीसदी सीमित कर दिा है। उन्होंने कहा कि लोकसभा, विधानसभा चुनावों के अलावा, सामाजिक आर्थिक सर्वे समेत विभिन्न कार्यों में शिक्षक अहम भूमिका निभाते हैं। इसके बावजूद शिक्षकों के हितों की अनदेखी न्यायोचित नहीं है। धरने में केके डिमरी, सोहन माजिला, अनुज चौधरी, योगेश घिल्डियाल, मुकेश बहुगुणा, रवींद्र सिंह राणा, हेमंत पैन्यूली, बृजेश पंवार, मोहन चौहान, मधु कुकशाल, जसपाल गुसांई, सुभाष झल्डियाल, नागेंद्र पुरोहित, आनंद उपाध्याय, मोनिका रानी, भानु कुकरेती, मदन मोहन सेमवाल, लीला राणा, विनोद नौटियाल, नवीन रतूड़ी, जगपाल चौहान, अनुज चौधरी, योगेंद्र घिल्डियाल समेत बड़ी संख्या शिक्षक मौजूद रहे।