ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
यूनिवर्सल सांस्कृतिक शोध एवं नाट्य नृत्य अकादमी की ओर से आयोजित रंग महोत्सव में गीत, संगीत और नृत्य का अद्भुत संगम देखने को मिल रहा है। दूसरे दिन अरुणाचल प्रदेश और मणिपुर के कलाकारों ने लोक नृत्य प्रस्तुत कर लोगों का मन मोह लिया।
नगर निगम सभागार में तीन दिवसीय रंग महोत्सव में शुक्रवार को अरुणाचल और मणिपुर के कलाकारों ने लोक नृत्य प्रस्तुत किया। वहीं, द संस्कृति कला केंद्र यूथ के कलाकारों ने भी सांस्कृतिक छटा बिखेरी। दर्शकों ने तालियों की गड़गड़ाहट से कलाकारों का हौसला बढ़ाया। इसके बाद रतन नरूका के निर्देशन में काल वेलिया और ध्रुपद गायन की शानदार प्रस्तुति दी गई। कलाकारों की ओर से नाटक का भी मंचन किया गया। क्षरण पर आधारित असमिय आकर्षण का केंद्र रहा। राधा कृष्ण ग्रुप कोन्नूर, आंध्रप्रदेश की ओर से खुशहाली पर समूहगान की प्रस्तुति दी गई। निर्देशन उमा जयश्री ने किया। जज की भूमिका कुशल भट्टाचार्या, लेखराज, विविशा अग्रवाल और उमा लेखराज ने निभाई। इस अवसर पर डॉ.अनुज राजपूत, अनूप बहुगुणा, सुमित पांडेय आदि उपस्थित रहे।