ब्यूरो/अमर उजाला/देहरादून।
आयुध निर्माणी के स्थापना के 75 वर्ष पूरे होने पर मंगलवार को जश्न मनाया गया। इस अवसर पर आयुध पैदल मार्च (वाक फॉर ऑर्डिनेंस फैक्ट्री) का आयोजन किया गया। पैदल मार्च का शुभारंभ आयुध निर्माणी के वरिष्ठ महाप्रबंधक डीएम पुरी ने झंडी दिखाकर किया। पैदल मार्च दुल्हनी नदी, ओएफ इस्टेट होते हुए वापस निर्माणी में समाप्त हुआ।
इस मौके पर आयुध निर्माणी के वरिष्ठ महाप्रबंधक डीएम पुरी ने कहा कि आयुध निर्माणी देहरादून में हर तरह के यंत्र बनाने की क्षमता है। हम यहां ऐसे यंत्र बनाते हैं जो कि भारतीय सेना के लिए आंख का काम करते हैं। आयुध निर्माणी में सेना के लिए ऐसे उपकरण तैयार किए जा रहे हैं जो कि अपनी विशेषताओं के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने कहा कि यहां के कर्मचारियों की कार्यकुशलता का ही परिणाम है कि हम अपने लक्ष्य समय से पूरा करते हैं। मुख्य अतिथि आयुध निर्माणी बोर्ड के सदस्य चंद्र शेखर विश्वकर्मा ने कहा कि भारतीय आयुध निर्माणियां भारतीय सेना की ताकत हैं। सौभाग्य की बात है कि आज ही के दिन गन कैरित फैक्ट्री जबलपुर भारतीय सेना को धनुष तोप सौंप रही है और आयुध निर्माणी देहरादून अपना प्लेटिनम जुबली समारोह मना रही है। उन्होंने कहा कि हमें अपने आप को अधिक सबल और सक्षम बनाना है ताकि आने वाले दिनों में हमारी ग्रोथ सही रहे। इस दौरान आयुध निर्माणी परिसर में आयोजित कार्यक्रमों में कर्मचारियों ने आकर्षक प्रस्तुतियां दीं।