आयुष्मान योजनाओं का मिल रहा भरपूर लाभ
ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून। राज्य सरकार की ओर से संचालित अटल आयुष्मान उत्तराखंड योजना के तहत मरीजों को लाभ मिलना शुरू हो गया है। स्वास्थ्य विभाग के अफसरों की मानें तो 31 दिसंबर तक अटल आयुष्मान उत्तराखंड योजना में 132 और आयुष्मान भारत योजना में राज्य के 750 गंभीर मरीजोें का इलाज कराया जा चुका है। योजना के तहत मरीजों के इलाज पर 72,41,610 रुपये भी खर्च किए जा चुके हैं।
अटल आयुष्मान उत्तराखंड योजना के मुख्य कार्यकारी अधिकारी युगल किशोर पंत ने मंगलवार को दोनों योजनाओं की समीक्षा की। समीक्षा बैठक में विभागीय अफसरों ने बताया कि आयुष्मान भारत योजना के तहत राज्य में 750 मरीजों का इलाज किया गया है और योजना के तहत 72,41,610 रुपये भी खर्च किए गए है। समीक्षा के बाद सीईओ युगल किशोर पंत ने बताया कि अटल आयुष्मान उत्तराखंड योजना गत 25 दिसंबर को शुरू की गई है। इस योजना मेें अब तक 132 मरीजों का सूचीबद्ध निजी व सरकारी अस्पतालोें में इलाज किया गया है। इन मरीजों के इलाज में पर अब तक कुल 635280 रुपये खर्च किए गए हैं। पंत ने बताया कि राज्य में 104891 लोगों का गोल्डन कार्ड के लिए पंजीकरण कराया जा चुका है। राज्य में संचालित कॉमन सर्विस सेंटरों व अस्पतालों में लाभार्थियोें को गोल्डन कार्ड जारी किए जा रहे हैं।
समीक्षा बैठक के दौरान यह बात सामने आई कि अधिकांश लाभार्थियों का बडे़ निजी अस्पतालों जैसे श्री महंत इंदिरेश अस्पताल, हिमालयन अस्पताल जौलीग्रांट व एम्स ऋषिकेश में इलाज किया जा रहा है। अटल आयुष्मान उत्तराखंड योजना के तहत उपचार के एवज में अधिकतम 50000 रुपये का भुगतान किया गया है। समीक्षा बैठक में सीईओ पंत ने अधिकारियों को हिदायत दी कि कि योजना का प्रचार किया जाए ताकि अधिकतम लोगाें को इसका लाभ मिल सके। बैठक में अपर निदेशक स्वास्थ्य डॉ. सरोज नैथानी समेत योजना से जुड़े कई अधिकारी उपस्थित थेे।