इस पर पुलिस कार सवार सलमान महमूद निवासी शास्त्री नगर थाना नौचंदी मेरठ, हाल निवासी फ्रीडम फाइटर कॉलेज दिल्ली, मनदीप शर्मा निवासी वाल्मीकि बस्ती दिल्ली, भावना कुमार निवासी कैलाश कॉलोनी दिल्ली, मदन शर्मा निवासी कृष्णानगर निवासी रुड़की को उसके दो बेटाें आकाश और राहुल के साथ थाने लाकर पूछताछ की गई।
एसएसपी ने बताया कि पूछताछ में पता चला कि सलमान, मनदीप और भावना दिल्ली में प्रॉपर्टी डीलर का काम करते थे। प्रॉपर्टी के काम में मंदी के चलते इन लोगों ने रुड़की निवासी मदन शर्मा के साथ मिलकर नकली नोटों का धंधा शुरू कर दिया।
मदन शर्मा अपने दो बेटों के साथ 500 और 100 रुपये के नकली नोट तैयार करता था। आरोपी कार से उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड में घूम-घूमकर दलालों से मिलते थे और असली नोट लेकर उनसे दोगुने नकली नोट उपलब्ध कराते थे।
आरोपी अपने पास दो-दो हजार के चूरन वाले नोट भी रखते थे, ताकि ग्राहकों को लालच देने के लिए उनका इस्तेमाल किया जा सके। संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। एसएसपी ने एसओ नरेश राठौड़ की अगुवाई वाली पुलिस टीम को पुरस्कृत करने की घोषणा की है। इस दौरान एसपी देहात सरिता डोभाल भी मौजूद रहीं।
पुलिस हिरासत में गैंग के सरगना मदन शर्मा ने बताया कि छह माह में वह 10 से 12 लाख रुपये तैयार कर बेच चुका है। इसके अलावा अन्य तरीकों से भी करीब 50 लोगों को ठग चुके हैं। एसओ नरेश राठौड़ ने बताया कि रुड़की पुलिस को मदन शर्मा के इस गोरखधंधे से अवगत करा दिया गया है। वह अपने स्तर से कार्रवाई में जुट गई है।