देश में बढ़ रहा वन क्षेत्रफल
ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून। भारतीय वन सर्वेक्षण के हालिया शोध में यह बात सामने आई है कि देश के तमाम राज्यों में विकास कार्यों के लिए वनों के कटान के बावजूद वन क्षेत्रफल में इजाफा हुआ है। इतना ही नहीं वनों के साथ मैंग्रोव कवर में भी इजाफा हुआ है। साथ ही बांस के जंगलों का भी क्षेत्रफल बढ़ा है। भारतीय वन सर्वेक्षण के उपनिदेशक प्रकाश लखचौरा के मुताबिक देश में वन क्षेत्रफल बढ़ा है, इसकी तस्दीक आंकडे़ भी करते हैं।
भारतीय वन सर्वेक्षण के ही आंकड़ों के मुताबिक वर्तमान में देश में वन क्षेत्रफल 708273 वर्ग किमी है जो जियोग्राफिक एरिया का 21.54 फीसदी है। आंकड़ों पर नजर डालें तो साल 2015 की तुलना में 2018 में वन क्षेत्रफल में 6778 वर्ग किमी वन क्षेत्रफल में बढ़ोतरी हुई है। आंकड़ों के मुताबिक देश में कुल मिलाकर 98158 वर्ग किमी बेहद घने जंगल, 308318 वर्ग किमी मध्यम घने जंगल और 301797 वर्ग किमी कम घने जंगल हैं।
संस्थान के उपनिदेशक लखचौरा के मुताबिक देश में मैंग्रोव कवर में भी इजाफा हुआ है। वर्तमान में देश में 4921 वर्ग किमी मैंग्रोव कवर है। जो पिछली बार कराए गए सर्वेक्षण की तुुलना में 181 वर्ग कमी ज्यादा है। मैंग्रोव सब ट्रापिकल रीजन में पाए जाने वाले जंगल हैं जो पानी के बीच पाए जाते हैं। इतना ही नही देश में बांस के जंगलों में भी बढ़ोतरी हुई है। वर्तमान में बांस के जंगल 15.69 मिलियन हेक्टेयर में फैले हैं। साल 2011 में कराए गए सर्वेक्षण की तुलना में यह 1.73 हेक्टेयर ज्यादा है। लखचौरा के मुताबिक देश में वनीकरण पर और अधिक जोर दिए जाने की जरूरत है ताकि कार्बन डाईऑक्साइड के उत्सर्जन के चलते क्लाइमेट चेंज पर पड़ रहे खतरनाक असर को कम किया जा सके।