हरी सब्जी हफ्ते में एक बार भी नहीं बनाई जाती। उन्होंने साबुन, सर्फ, कपड़े, जूते, ओढ़ने की चादर भी न दिए जाने का आरोप लगाया। डीईओ ने बाकी छात्राओं के बारे में जानकारी मांगी तो हॉस्टल प्रबंधन का कहना था कि छात्राएं अपने घर गईं हैं।
लेकिन छात्राएं कब और किसके साथ गईं हैं, इस बाबत वॉर्डन कोई भी रिकॉर्ड नहीं दिखा पाईं। डीईओ ब्रह्मपाल सिंह सैनी ने बताया कि वॉर्डन से तीन दिन के भीतर स्पष्टीकरण तलब किया गया है। स्पष्टीकरण मिलने के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।