ब्यूरो/अमर उजाला/देहरादून।
राजधानी के आईटी पार्क के पास जंगल में शिकारियों द्वारा लगाए जाल में सोमवार शाम एक भारी भरकम तेंदुआ फंस गया। तेंदुए की दहाड़ सुनकर आसपास के लोगों ने इसकी सूचना वन विभाग के अफसरों को दी। इसके बाद पहुंची वन विभाग की टीमों ने तेंदुए को ट्रैंकुलाइज कर सुरक्षित बाहर निकाला और मालसी रेस्क्यू सेंटर में भर्ती कराया। जहां डॉक्टराें की टीम तेंदुए का इलाज कर रही है।
राजधानी के आईटी पार्क के पास जंगल में शिकारियों के द्वारा लगाए गए जाल में सोमवार शाम एक बड़ा तेंदुआ फंस गया। बताया गया कि जाल में फंसे तेंदुए की दहाड़ सुनकर शिकारी मौके से भाग गए। इसके बाद क्षेत्रीय लोगों ने तेंदुए के जाल में फंसे होने की सूचना वन विभाग के अफसराें को दी। इसके बाद प्रभागीय वनाधिकारी राजीव धीमान के निर्देश पर उप प्रभागीय वनाधिकारी केपी वर्मा की अगुवाई में वन विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं और जाल में फंसे तेंदुए को ट्रैंकुलाइज कर सुरक्षित बाहर निकाला। इसके बाद तेंदुए को मालसी रेस्क्यू सेंटर ले जाया गया जहां डॉक्टराें की टीम उसका इलाज कर रही है। रेस्क्यू टीम में रेंजर सुभाष वर्मा, रेंजर मोहन सिंह रावत, रवि जोशी, उमाशंकर, विजय कुमार व अरशद आलम समेत कई अधिकारी, कर्मचारी शामिल रहे।
प्रभागीय वनाधिकारी राजीव धीमान का कहना है कि हिरण आदि छोटे जीवों को पकड़ने के लिए जाल लगाया गया था, लेकिन उसमें तेंदुआ फंस गया। जाल लगाने के मामले में तमाम पहलुओं का ध्यान में रखकर छानबीन की जा रही है। जाल लगाने वाले शिकारियों को चिह्नित कर उन्हें जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।