ब्यूरो/ अमर उजाला, देहरादून
प्रदेश के सरकारी स्कूलों में सामाजिक सहयोग को धाद संस्था की ओर से एक कोना कक्षा का अभियान 15 अप्रैल से शुरू किया जाएगा। अभियान के तहत छात्रों को रचनात्मक शिक्षण, खेल, हरेला और शिक्षण सहयोगी सामग्री प्रदान की जाएगी।
शनिवार को जूनियर हाईस्कूल 55 राजपुर रोड में पत्रकार वार्ता में धाद के केंद्रीय सचिव तन्मय ममगाई ने शिक्षा में समाज के सहयोग की पुरानी परंपरा रही है, लेकिन पिछले कुछ वर्षों में इसमें कमी आई है। शिक्षा के निजीकरण के बढ़ने के बाद समाज के सहयोग का नजरिया बदल गया है। सरकारी स्कूल आज समाज के सबसे कमजोर तबके के बच्चों को शिक्षा दे रहे हैं। इन बच्चों को बेहतर शिक्षा के लिए सरकार का मुंह ताके बगैर जन सहभागिता से काम करने की जरूरत है। जिसे देखते हुए संस्था की ओर से एक कोना कक्षा का अभियान शुरू किया जा रहा है। अभियान के तहत छात्रों को रचनात्मक शिक्षण, खेल, हरेला और शिक्षण सहयोगी सामग्री प्रदान की जाएगी। इसके अलावा विभिन्न कार्यशालाएं आयोजित की जाएंगी। अभियान का शुभारंभ 15 अप्रैल को नगर निगम सभागार में होगा। शिक्षक संघ के जिला मंत्री प्रमोद रावत ने कहा कि धाद ने उत्तराखंड के लोक पर्वों हरेला और फुल्देयी को आम समाज और विद्यालयों से जोड़ने का काम किया है। पत्रकार वार्ता के दौरान प्रधानाध्यापक हुकुम सिंह उनियाल, प्रभाकर देवरानी, नीलम बिष्ट आदि मौजूद रहे।