ब्यूरो/ अमर उजाला, देहरादून
प्रदेशभर के महाविद्यालयों में छात्रों की बायोमीट्रिक हाजिरी की तैयारी शुरू हो गई है। इसके तहत शिक्षा निदेशक डॉ. सविता मोहन शनिवार को डीएवी पीजी कालेज पहुंची तो उन्हें छात्रों का विरोध झेलना पड़ा। छात्रसंघ पदाधिकारियों ने साफ कहा है कि बायोमीट्रिक हाजिरी तभी लगेगी, जबकि उन्हें शिक्षक उपलब्ध करा दिए जाएंगे।
डीएवी कॉलेज की उपस्थिति की जांच करने के लिए शनिवार को उच्च शिक्षा निदेशक पहुंची। उन्होंने प्राचार्य डा. देवेंद्र भसीन ने छात्र-छात्राओं की बायोमीट्रिक हाजिरी लगाने की बात कही। इस पर कॉलेज के छात्रसंघ अध्यक्ष शुभम सिमल्टी के नेतृत्व में छात्र संघ का प्रतिनिधिमंडल विरोध जताने पहुंच गया। उनका कहना था कि कॉलेज में आने वाले छात्रों को पढ़ाने वाले शिक्षक होने चाहिए। लंबे समय से कॉलेज में शिक्षकों के पद खाली पड़े हैं लेकिन कोई सुनने वाला नहीं है। उन्होंने उच्च शिक्षा निदेशक को ज्ञापन देते हुए कहा कि जब तक शिक्षक नहीं मिलेंगे, तब तक किसी भी सूरत में बायोमीट्रिक हाजिरी लागू नहीं होने दी जाएगी। इस मौके पर लॉ में फैकल्टी की कमी का मुद्दा भी उठा। ज्ञापन देने वालों में पूर्व अध्यक्ष आशीष रावत, निखिल शर्मा, विकास नेगी, जितेंद्र, राजेंद्र आदि मौजूद रहे।