ब्यूरो/अमर उजाला/देहरादून।
पशुपालन विभाग व निजी संस्था की ओर से शुक्रवार को पशुपालन निदेशालय में एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गय। इस दौरान घोड़ों में होने वाले ग्लैंडर्स व टिटनेस के चलते इंसानों को होने वाले खतरों पर विस्तार से चर्चा की गई।
कार्यशाला का उद्घाटन अपर सचिव बीएम मिश्रा व निदेशक डॉ. केके जोशी ने संयुक्त रूप से किया। इस दौरान विशेषज्ञों ने घोड़ों में पायी जाने वाले ग्लैंडर्स व टिटनेस से इंसानों को होने वाले खतरे पर चिंता जतायी। विशेषज्ञों ने कहा कि इंसानों में होने वाली कई बीमारियां पशुओं से आती हैं। ऐसे में इन बीमारियों के प्रति लोगों को जागरूक करने की जरूरत है। तेजी से बदल रही वातावरणीय परिस्थितियों के चलते घोड़ों और अन्य मवेशियोें में ग्लैंडर्स, टिटनेस तेजी से फैल रहा है। इसके लिए समय समय पर जागरूकता अभियान चलाए जाने की जरूरत है। कार्यशाला में सेवानिवृत्त ब्रिगेडियर जेएस धर्मा धीरन डॉ. अशोक कुमार, डॉ. प्रेम कुमार, डॉ. नीरज सिंघल, डॉ. पीएस यादव, डॉ. सुनील कुमार अवस्थी, डॉ. चेतना धपोला, डॉ. शैलेंद्र वशिष्ठ, डॉ. बृजेश रावत आदि उपस्थित रहे।