जनपद टिहरी गढ़वाल के प्रमुख पर्यटन स्थल कैंपटी फॉल में अपराह्न बाद बारिश के चलते पुलिस ने पर्यटकों की आवाजाही बंद कर दी।
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वहीं, कोरोना जांच रिपोर्ट, होटल बुकिंग और स्मार्ट सिटी पोर्टल पर पंजीकरण के बिना पहुंचे 4 वाहनों के 17 पर्यटकों को वापस भेजा गया। इस दौरान कोरोना गाइडलाइन के उल्लंघन पर 18 पर्यटकों के चालान भी किए गए।
थानाध्यक्ष कैंपटी नवीन चंद्र जुराल ने बताया कि कैंपटी में सुबह से लेकर तीन बजे तक पर्यटकों को झील और झरने तक जाने दिया गया, लेकिन तीन बजे के बाद बारिश के चलते फॉल में पानी बढ़ गया। इसके बाद पर्यटकों को झील और झरने में जाने से रोक दिया गया।
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बताया कि सोशल डिस्टेंस के उल्लंघन पर 6, बिना मास्क 9, एमवी एक्ट में 2, पुलिस एक्ट में 1 चालान किया गया। कैंपटी में बृहस्पतिवार को 40 वाहनों से 165 पर्यटक पहुंचे।
कैंपटी फॉल में पर्यटकों के दस्तावेजों की जांच करते पुलिसकर्मी। संवाद- फोटो : MUSSOORIE
दून से नई दिल्ली के लिए ट्रेन से बेहद कम सफर कर रहे यात्री
कोरोना का असर कम पर रेलवे बोर्ड की ओर से देहरादून से तमाम ट्रेनों का संचालन बेशक शुरू कर दिया गया है, लेकिन ट्रेनों में कम यात्री ही सफर कर रहे हैं। देहरादून से नई दिल्ली जाने वाली ट्रेनों में तमाम सीटें खाली हैं। वहीं, उत्तर प्रदेश, झारखंड, बिहार, पश्चिम बंगाल जाने वाली ट्रेनों में सीटों को लेकर मारामारी है।
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक देहरादून से नई दिल्ली शताब्दी, जनशताब्दी और मसूरी एक्सप्रेस, देहरादून-कोटा नंदा देवी एक्सप्रेस और देहरादून काठगोदाम एक्सप्रेस जैसी ट्रेनों में पर्याप्त संख्या में यात्री नहीं मिल रहे हैं। वहीं, देहरादून-प्रयागराज लिंक एक्सप्रेस, देहरादून-गोरखपुर राप्तीगंगा एक्सप्रेस, देहरादून-वाराणसी जनता एक्सप्रेस और देहरादून-हावड़ा उपासना एक्सप्रेस जैसी ट्रेनों में सीटों को लेकर मारामारी है। शताब्दी एक्सप्रेस में शुक्रवार को चेयर कार में 347 सीटें तो द्वितीय क्लास में 50 सीटें खाली हैं।
नंदा देवी एक्सप्रेस में वातानुकूलित प्रथम, द्वितीय और तृतीय श्रेणी में पचास-पचास के करीब सीटें खाली हैं। मसूरी एक्सप्रेस में भी वातानुकूलित श्रेणी में 100 सीटें, स्लीपर क्लास में 300 से अधिक सीटें खाली हैं। कमोबेश यही स्थिति जनशताब्दी एक्सप्रेस की है।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार अभी भी कोरोना के चलते यात्री ट्रेनों में यात्रा करने से परहेज कर रहे हैं। विशेष परिस्थितियों में ही यात्री ट्रेनों में सफर कर रहे हैं, लेकिन उत्तर प्रदेश, झारखंड, बिहार और पश्चिम बंगाल जाने वाली ट्रेनों में सीटों को लेकर मारामारी है। ज्यादातर ट्रेनें फुल हैं।