रिस्पना के पुनर्जीवन का शीघ्र पूरा करें फाइनल ड्राफ्ट
ब्यूरो/अमर उजाला
देहरादून। जिला प्रशासन ने रिस्पना नदी के पुनर्जीवित व सुंदरीकरण कार्यों के लिए तैयार मास्टर प्लान को शासन के समक्ष रखा। जिलाधिकारी ने प्रजेेंटेशन के माध्यम से प्रमुख सचिव सिंचाई आनंद वर्द्घन को विभाग वार किए जाने वाले कार्यों की विस्तृत जानकारी दी।
शुक्रवार को सचिवालय में प्रमुख सचिव ने रिस्पना के पुनर्जीवित करने के लिए प्रस्तावित मास्टर प्लान की गहन समीक्षा की। डीएम एसए मुरुगेशन ने अवगत कराया कि रिस्पना के स्रोत मैसी फाल से लेकर मोथरोवाला तक 14 सेक्टर बनाए गए हैं। सिंचाई, वन विभाग, लोक निर्माण, एमडीडीए, नगर निगम, जल संस्थान आदि विभागों के माध्यम से नदी के दोनों तरफ किए जाने वाले कार्यों का प्लान तैयार किया गया है। जिसमें नदी का चैनलाइजेशन, सीवरेज ट्रीटमेंट, ड्रेनेज सिस्टम, व्यवसायिक गतिविधियां, योगा सेंटर, पार्किंग, ग्रीन बेल्ट, रिटर्निंग वाल, चेकडैम आदि तमाम कार्य किए जाएंगे। नदी को बचाने के लिए पानी के पारंपरिक स्रोतोें को रिचार्ज किया जाएगा। इसके लिए लंढौर छावनी से लेकर शिखर फाल, मकड़ेत गांव तक काम किया जाएगा। इसमें वन विभाग के माध्यम से पौधरोपण भी किया जाएगा। नदी में जा रहे सीवरेज को ट्रीटमेंट किया जाएगा। इसके साथ ही नदी किनारे किए गए अवैध अतिक्रमण को चिन्हित कर हटाने की कार्रवाई की जाएगी।
प्रमुख सचिव आनंद वर्द्घन ने मास्टर प्लान की समीक्षा कर नए बिंदुओं को फाइनल प्लान में शामिल करने को कहा है। उन्होंने डीएम को निर्देश दिए कि जल्द ही रिस्पना को पुनर्जीवित करने की योजना का फाइनल प्लान तैयार किया जाए। इसके बाद प्लान को मुख्य सचिव उत्पल कुमार सिंह के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा है कि इस प्रोजेक्ट को जल्द से जल्द शुरू किया जाए। इसके लिए जो भी साधन व सुविधाओं की जरूरत है। उसे उपलब्ध कराया जाएगा।