ब्यूरो/अमर उजाला/देहरादून।
देश में डॉक्टरों पर हिंसा की रोकथाम को कानून बनाने की मांग करते हुए होम्योपैथी मेडिकल एसोसिएशन ने जिलाधिकारी के माध्यम से प्रधानमंत्री को ज्ञापन भेजा है। तीन सूत्री ज्ञापन में होम विजिट करने वाले डॉक्टरों के लिए भी कानून में प्रावधान की मांग की गई है?
होम्योपैथी मेडिकल एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. प्रणव ममगाईं के नेतृत्व में बुधवार को चिकित्सक जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे थे। इस दौरान चिकित्सकों ने जिलाधिकारी के माध्यम से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ज्ञापन भेजा। ज्ञापन में डॉक्टरों की स्थिति और बीते दिनों बंगाल में हुई महिला डॉक्टर के साथ हुई हिंसा का हवाला दिया गया है। इस दौरान कुलदीप ममगाईं, डॉ. विनीत काला, डॉ. गौतम पंवार, डॉ. राहुल उनियाल, डॉ. ऋतु डबराल आदि उपस्थित रहे।
ये हैं मांग
-हिंसा रोकथाम और नुकसान अधिनियम 2017 मसौदे के अंतर्गत डॉक्टरों की सुरक्षा के लिए कानून बने।
-हिंसा के आरोपियों पर संज्ञेय व गैर जमानती अपराध मानकर प्रथम श्रेणी के न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में ट्रायल चलाया जाए।
-स्वास्थ्य मंत्रालय सभी राज्यों को सुझाव दे कि यदि उनके पास डॉक्टरों की सुरक्षा के लिए विशिष्ट कानून नहीं है तो वह इस मसौदे पर विचार करे।