ब्यूरो/अमर उजाला।
देहरादून। अशासकीय महाविद्यालयों का हरियाणा मॉडल उत्तराखंड लाने की तैयारी की जा रही है। जिस तरह से हरियाणा सरकार ने सभी अशासकीय महाविद्यालयों को राजकीय बना दिया है, उसी तरह प्रदेश में भी सरकार कदम बढ़ा रही है।
उच्च शिक्षा राज्यमंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने बुधवार को हुई अशासकीय महाविद्यालयों की बैठक में बातों-बातों में इस ओर इशारा भी कर दिया है। उन्होंने कहा कि उनकी बात न मानी गई तो सरकार उनका पोषण (ऐड) बंद कर देगी। वहीं, अशासकीय महाविद्यालयों में खाली पड़े शिक्षणेत्तर कर्मचारियों के पदों पर भी शीघ्र भर्ती करने के निर्देश दिए हैं। इसके लिए प्रदेश सरकार ने महाविद्यालयों के प्रबंधकों को छह माह का समय दिया है। उसके बाद भर्तियों पर रोक लगा दी जाएगी।
असिस्टेंट प्रोफेसर भर्ती पर जवाब की तैयारी
प्रदेश में चल रही असिस्टेंट प्रोफेसर भर्ती पर रोक लगने के बाद अब उत्तराखंड लोक सेवा आयोग की ओर से उच्च न्यायालय में जवाब दाखिल करने की तैयारी की जा रही है। मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने बताया कि इसके लिए आयोग के साथ बैठक की जा रही है ताकि नया सत्र शुरू होने तक कॉलेजों को असिस्टेंट प्रोफेसर मिल सकें।