ब्यूरो/अमर उजाला, ऋषिकेश। अखिल भारतीय आर्युविज्ञान संस्थान (एम्स) ऋषिकेश को कैंसर के उपचार के लिए नई अत्याधुनिक रेडियोथैरेपी मशीन की खरीद के लिए 10 करोड़ रुपये मिले हैं। यह धनराशि एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने एम्स को उपलब्ध कराई है। सोमवार को एम्स ऋषिकेश व एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया के बीच करार पर हस्ताक्षर किए गए। इसके तहत कॉरपोरेट सोशल रिस्पांसिबिलिटी (सीएसआर) फंड एम्स को चिकित्सा संसाधनों में बढ़ोत्तरी के मद में प्रदान करेगी। इसी के तहत सोमवार को 10 करोड़ रुपये प्रदान किए गए हैं। एम्स निदेशक प्रो. रवि कांत व एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया की ओर से देहरादून एयरपोर्ट, जौलीग्रांट के निदेशक विनोद शर्मा ने एमओयू पर हस्ताक्षर किए।
प्रो. रवि कांत ने बताया कि एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने एम्स संस्थान को कैंसर के उपचार के लिए नई अत्याधुनिक रेडियोथैरेपी मशीन की खरीद के लिए 10 करोड़ की अनुदान राशि दी है। संस्थान में कैंसर के उपचार के लिए एक अत्याधुनिक मशीन पहले से उपलब्ध है, मगर एम्स में कैंसर मरीजों के अत्यधिक दबाव के कारण चार महीने लंबी वेटिंग चल रही है। वर्तमान में प्रतिदिन 12 घंटे संचालित मशीन से 80 रोगियों का उपचार किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि उक्त धनराशि से दूसरी अत्याधुनिक लो एनर्जी लीनियर एक्सलीरेटर रेडियोथैरेपी मशीन की खरीद की जाएगी। इससे वेटिंग कम होने से मरीजों को कैंसर के उपचार में सहूलियत मिल सकेगी। इस अत्याधुनिक मशीन की लागत 15 करोड़ है, लिहाजा पांच करोड़ की धनराशि संस्थान वहन करेगा।
कैंसर पीड़ितों को मिलेगा लाभ
रेडियोथैरेपी विभागाध्यक्ष डॉ. मनोज गुप्ता ने बताया कि एम्स निदेशक प्रो. रवि कांत के प्रयासों से ही संस्थान को एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया से उक्त अनुदान राशि मिल पाई है, जिसका लाभ राज्य के कैंसर पीड़ितों को मिलेगा। इस अवसर पर संस्थान के एमएस डॉ. ब्रह्मप्रकाश, एयरपोर्ट अथॉरिटी के ज्वाइंट जीएम (सीएनएस दून) दीपक चमोली, एजीएम (सिविल/सीएसआर) आरआर पांडेय, अजीत मीणा तथा रेडियोथेरेपी विभागाध्यक्ष प्रो. मनोज गुप्ता व डीन सीएसआर प्रो. बृजेंद्र सिंह आदि उपस्थित रहे।
स्वास्थ्य सेवा पर भी हुआ करार
ऋषिकेश। एम्स संस्थान व एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया के बीच देहरादून एयरपोर्ट, जौलीग्रांट स्थित एमआई रूम में चिकित्सकीय सेवा के बाबत भी करार पर हस्ताक्षर हुए। संस्थान के निदेशक प्रो. रवि कांत ने बताया कि अथॉरिटी के साथ एमआई रूम में संस्थान के चिकित्सकों की ओर से सेवा दिए जाने को लेकर समझौता हस्ताक्षर हुआ है। बताया कि एयरपोर्ट पर पखवाड़े भर में एम्स के चिकित्सकों की तैनाती सुनिश्चित कर दी जाएगी। इससे हवाई यात्रा करने वाले यात्रियों को स्वास्थ्य सुविधा मिल सकेगी। जरूरत पड़ने पर गंभीर रोगियों को एंबुलेंस से एम्स में शिफ्ट भी किया जाएगा।