ब्यूरो/अमर उजाला, ऋषिकेश। विश्व में भावातीत ध्यान योग के प्रणेता महर्षि महेश योगी की तपस्थली तीर्थनगरी की चौरासी कुटिया में चल रही पर्यटन गतिविधियों को लेकर विदेशी मीडिया में जबरदस्त आकर्षण है। इस वर्ष बीटल्स के ऋषिकेश आगमन के 50वें साल के मौके पर तीर्थनगरी से लेकर ब्रिटेन तक उत्सव का माहौल है। आश्चर्य जनक यह है कि बीटल्स आश्रम के रूप में मशहूर चौरासी कुटिया को पाकिस्तान के मीडिया में भी प्रकाशन व प्रसारण में प्रमुखता दी गई है।
इनमें से प्रमुख रूप से वहां के पहले पायदान के समाचार पत्र अंग्रेजी दैनिक डॉन, एक्सप्रेस ट्रिब्यून, जीईओ टीवी में भी बीटल्स के भारत आगमन के 50वें वर्ष के आयोजन को प्रमुखता से दिखाया गया है। वर्ष 1968 में ऋषिकेश तब विश्व मीडिया में छा गया था, जब ब्रिटेन के विश्वविख्यात बीटल्स ग्रुप ने अपने गुरु महर्षि महेश योगी से ध्यान योग की तालीम के लिए गंगा के तट पर स्थित तीर्थनगरी ऋषिकेश की ओर रुख किया था। उस दौरान विश्व के प्रमुख अखबारों के प्रतिनिधियों ने यहां का दौरा किया था और बीटल्स ग्रुप के मेंबर जॉन, पॉल, रिंगो और जॉर्ज हैरीशन के प्रवास को लेकर कई खबरें प्रमुखता से प्रकाशित हुई थी।
विश्व संगीत से जुड़ी इस सकारात्मक कवरेज ने ऋषिकेश के पर्यटन उद्योग को हमेशा के लिए बदल दिया था। यहां पर हर वर्ष 40 हजार से अधिक विदेशी यहां आकर योग, ध्यान व भारतीय संस्कृति से संबंधित अन्य गतिविधियों में प्रतिभाग करते हैं। अमूमन यह देखा जाता है कि पाकिस्तान मीडिया में भारत की उन्हीं खबरों को प्रमुखता दी जाती हैं, जो हिंसा या किसी अन्य विवादास्पद घटना से संबंध रखती हैं। मगर इस साल चौरासी कुटिया में राजाजी टाइगर रिजर्व द्वारा चलाई जा रही पर्यटन गतिविधियों पर जमकर तारीफ की है।
दुनिया के अखबारों ने दी प्रमुखता
डॉन अखबार में बीटल्स इन ऋषिकेश सेलिब्रेशन को अपने अंतरराष्ट्रीय पेज पर प्रमुखता से छापा है, वहीं एक्सप्रेस ट्रिब्यून ने इसको लेकर करीब आधे पेज की कवरेज दी है। जीइयो ने भी समाचार को प्रमुखता से दिखाया और अपने न्यूज पोर्टल में इस समाचार को जगह दी है। इसके अलावा न्यूयार्क टाइम्स, टेलीग्राफ, ब्लूमबर्ग, डेली मेल, बीबीसी न्यूज, ऑस्ट्रेलियन ब्रोडकास्टिंग कारपोरेशन, रेडिया न्यूजीलैंड तथा अन्य पत्र पत्रिकाओं व अन्य माध्यमों से इस कार्यक्रम की कवरेज हुई।
कोट्स
हाल में ही हमने चौरासी कुटिया में विभिन्न जड़ी बूटियों का हर्बल प्लांटेशन किया है। इसके साथ ही विभाग ने वहां की दीवारों की रिपेयरिंग की है और उसमें सोलर फेंसिंग लगाई है। कुटिया में टाइगर रिजर्व की गतिविधियों, बीटल्स इन ऋषिकेश फोटो गैलरी व महेश योगी फोटो गैलरी को जबरदस्त रिस्पांस मिला है। टूरिज्म को प्रमोट करने के लिए चौरासी कुटिया में और भी कई योजनाएं विभाग ने बनाई हैं, जिन्हें जल्द धरातल पर उतारा जाएगा।
- सनातन सोनकर, निदेशक राजाजी टाइगर रिजर्व पार्क प्रशासन।
चौरासी कुटिया
2015
8 दिसंबर- 2015 से 31 दिसंबर 2015
भारतीय- 448
विदेशी- 181
आय-2, 50, 165 रुपये।
2016
1जनवरी से 31 दिसंबर 2016
भारतीय- 8268
विदेशी- 1173
आय-18, 08, 985 रुपये।
2017
1 जनवरी 2017 से 31 दिसंबर 2017
भारतीय- 13, 888
विदेशी- 818
आय-20, 33, 175 रुपये।
2018
1 जनवरी 2018 से 30 जून 2018
भारतीय- 12, 137
विदेशी- 2,351
आय-27, 580, 20 रुपये।