श्रीनगर। राजकीय मेडिकल कॉलेज से संबद्ध बेस अस्पताल में ब्लड कंपोनेंट सेपरेशन यूनिट (रक्त अवयवों को पृथक करने की इकाई) का सोमवार को राज्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने लोकार्पण करेंगे। अब यूनिट के संचालन से एक यूनिट रक्त चार अलग अलग जरूरतमंदों (प्लेटलेट्स, प्लाजमा, आरबीसी, सिरोपेरिसपिरेट) के काम आ सकेगा और इससे ब्लड बेकार भी नहीं जाएगा।
बेस अस्पताल में ब्लड कंपोनेंट सेपरेशन यूनिट सोमवार से यूनिट काम शुरू कर देगी। एक यूनिट खून का उपयोग अलग-अलग मरीजों में होगा। इसका सबसे अधिक फायदा डेंगू और जले हुए रोगियों के उपचार में होगा। तीन साल की लंबी इंतजारी के बाद ड्रग कंट्रोलर जनरल ऑफ इंडिया (डीसीजीआई) ने गत 31 मई को बेस अस्पताल के ब्लड बैंक में ब्लड कंपोनेंट सेपरेशन यूनिट के संचालन की अनुमति दी थी। सुस्त सरकारी प्रक्रियाओं की वजह से अभी तक यूनिट चालू नहीं हो पाई है। लंबे समय तक यूनिट में निरीक्षण और कमियां दूर करने की कार्रवाई चलती रही। जब मंजूरी मिली, तो शुरू करने में डेढ़ माह लग गए। जबकि यूनिट में स्टाफ से लेकर सभी संसाधन मौजूद हैं। मेडिकल कॉलेज के प्रभारी प्राचार्य प्रो. केके अग्रवाल ने बताया कि 16 जुलाई (सोमवार) को उच्च शिक्षा राज्य मंत्री डा. धन सिंह रावत यूनिट का लोकार्पण करेंगे। इस मौके पर वह अस्पताल की वाहन पार्किंग का भी उद्घाटन करेंगे। यूनिट की स्थापना न होने पर एमसीआई (भारतीय आयुर्विज्ञान परिषद) ने भी नाराजगी जताई थी।