श्रीनगर। सालों से मरम्मत की राह देख रही बागवान-हिंडोंलाखाल पंपिंग पेयजल योजना देवप्रयाग के पुनर्गठन के लिए एनआरडब्लूडीपी (राष्ट्रीय ग्रामीण जलापूर्ति कार्यक्रम) में बजट मिल गया है। योजना के पुनर्गठन से 55 गांवों के 184 तोकों को लाभ मिलेगा।
शनिवार को आयोजित पत्रकारवार्ता में देवप्रयाग विधायक विनोद कंडारी ने बताया कि बागवान-हिंडोलाखाल पंपिंग योजना के निर्माण कार्य के लिए शासन ने प्रथम किश्त में 5 करोड़ 88 लाख रुपये कार्यदायी संस्था पेयजल निगम को दे दिए हैं। बताया कि वर्ष 1984 मेें योजना का निर्माण हुआ था। इससे लगभग डेढ़ सौ गांव लाभान्वित होते हैं। समय के साथ योजना की देखभाल न होने से इस क्षेत्र में गंभीर पेयजल संकट रहता है। वर्तमान में यहां दो अलग-अलग घाटियों में उनाना में स्थित पेयजल टैंक से पेयजल आपूर्ति होती है, जिसके चलते यहां एक दिन छोड़कर लोगों को पानी मिलता है। उन्होंने बताया कि अब लगभग 24 करोड़ की इस योजना से 55 गांवों के 184 तोक आच्छादित होंगे। नई पेयजल लाइन और पंप लगाए जाएंगे। इसके अलावा उनावा के दो और स्थानों में स्टोरेज टैंकों का निर्माण होगा, जिससे पेयजल किल्लत नहीं होगी। कंडारी ने बताया कि शासनादेश जारी करने के साथ ही जल निगम को प्रथम किश्त भी दे गई है। ताकि तत्काल काम हो सके। इस मौके पर गढ़वाल विवि के पूर्व छात्र संघ सचिव ऋतांशु कंडारी और दीपक राणा आदि मौजूद थे।