बदरीनाथ। श्री झालरिया पीठ डीडवाना राजस्थान की ओर से बदरीनाथ धाम में आयोजित पुरुषोत्तम मास महोत्सव धूमधाम से मनाया जा रहा है। महोत्सव में लक्षाचर्ना और श्री महालक्ष्मी महायज्ञ का आयोजन भी हो रहा है। नासिक के यज्ञाचार्यों की ओर से यज्ञकुंड में प्रतिदिन जौ, घी, अक्षत के साथ ही हजारों मंत्रों की आहुतियां दी जा रही हैं।
परमार्थ निकेतन परिसर में चल रहे महोत्सव में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा में कथा वाचक पूज्य युवराज स्वामी जी श्री भूदेवाचार्य जी महाराज ने गजेंद्र मोक्ष, समुद्रमंथन, वामन अवतार, श्री रामावतार और श्रीकृष्ण जन्मोत्सव का वाचन किया। महाराज ने कहा कि गो माता, संतों और ब्राह्मणों पर जब अत्याचार बढ़ता है तो करुणावंत भगवान बैकुंठ धाम को त्यागकर पृथ्वी पर अवतरित होते हैं। भगवान श्रीकृष्ण के जन्म और अवतार का प्रसंग सुनकर श्रद्धालु भाव विभोर हो उठे। इस दौरान बदरीशपुरी नंद के घर आनंद भयो जय कन्हैया लाल की... से गुंजायमान हो उठी। विश्व कल्याण और विश्व शांति के लिए आयोजित इस अनुष्ठान में 144 यज्ञकुंडों में 301 वैदिक पंडितों की ओर से हजारों मंत्रों की आहुतियां दी जा रही हैं।