ब्यूरो/अमर उजाला,डोईवाला।
विश्व माहवारी स्वच्छता दिवस के मौके पर डोईवाला के रानीपोखरी में आयोजित कार्यक्रम के दौरान महिला सशक्तीकरण और बाल विकास मंत्री रेखा आर्य ने कहा कि महिलाओं में अधिक बीमारियों का कारण माहवारी के समय स्वच्छता पर ध्यान नहीं देना पाया गया है। महिलाएं व्यक्तिगत स्वच्छता को आत्मसात कर विभिन्न रोगों से स्वयं की रक्षा कर सकती हैं। माहवारी के दौरान स्वच्छता के अभाव से ही अधिकतर महिलाएं बांझ और कैंसर जैसे घातक रोगों की चपेट में आ रही हैं। उन्होंने कहा कि योजना के माध्यम से आंगनबाड़ी केंद्रों से महिलाएं और किशोरियां न्यूनतम दरों पर सेनेटरी नैपकिन ले सकती हैं।
रानीपोखरी के एक वेडिंग प्वाइंट में आयोजित कार्यक्रम का उद्घाटन करते हुए मंत्री रेखा आर्य ने 4500 महिलाओं, किशोरियों और बालिकाओं को सेनेटरी नैपकिन किटों का वितरण किया। इस दौरान राजकीय बालिका इंटर कॉलेज की छात्राओं ने स्वागत गीत प्रस्तुत किया। इससे पहले सेनेटरी नैपकिन और स्वच्छता से संबधित डाक्यूमेंट्री फिल्म का प्रदर्शन किया गया। महिला सशक्तीकरण और बाल विकास मंत्री ने सहयोग के लिए विभागीय अधिकारियों और टीएचटीसी की भी सराहना की। कोरोनेशन अस्पताल देहरादून की वरिष्ठ चिकित्सक डॉ वंदना ने कहा कि माहवारी के दौरान विशेषकर किशोरी बालिकाओं को जागरूक होना पड़ेगा। कहा कि उचित जानकारी के अभाव में बालिकाओं में प्रजनन संबंधी बीमारियों के होने की संभावना बढ़ जाती है।
परियोजना अधिकारी आरती बलोदी ने कहा कि कार्यक्रम का उद्देश्य किशोरियों को व्यक्तिगत स्वच्छता के प्रति जागरूक बनाकर भविष्य की स्वस्थ और भावी माता के रूप में विकास करना है। बताया कि सेनेटरी नैपकिन बांटने की योजना को पहले गढ़वाल के देहरादून और पौड़ी, कुुमाऊं के पिथौरागढ़ और अल्मोड़ा से शुरू किया गया है। इसके बाद सभी जनपदों में योजना शुरू की जाएगी। कार्यक्रम में महिला सशक्तीकरण निदेशक रणवीर सिंह चौहान, कार्यक्रम अधिकारी भारती तिवारी, जिला कार्यक्रम अधिकारी एसके सिंह, उपजिलाधिकारी ऋषिकेश हर गिरी, टीएचडीसी के सुनील शाह, आशा ध्यानी आदि तमाम लोग मौजूद रहे थे।