श्रीनगर। करुणा समाज सेवा संस्था की ओर से एक दिवसीय किसान सम्मेलन आयोजित किया गया। सम्मेलन में किसानों को दुग्ध पालन, उद्यानीकरण, पशुपालन, जड़ी-बूटी उत्पादन के बारे में विस्तार से बताया गया। इस दौरान उत्कृष्ट कार्य करने वाले कृषक समूहों को सम्मानित भी किया गया।
सोमवार को आयोजित किसान सम्मेलन में मुख्य अतिथि डीएम सुशील कुमार ने कहा कि हमें कलस्टर कृषि को अपनाना होगा। वहीं वक्ताओं ने कहा कि किसान की हिम्मत के बिना कृषि उपकरण व योजनाएं निरर्थक हैं। नाबार्ड के विजेंद्र सिंह नेगी ने किसानों के लिए चलाई जा रही योजनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी। करुणा समाज सेवा के निदेशक पायस ने कहा कि संस्था उत्तराखंड आपदा पुन: प्राप्ति योजना के द्वितीय चरण के तहत 1500 किसानों के लिए आजीविका कार्यक्रम चलाया जा रहा है। किसान सम्मेलन के दौरान कृषक समूह कालिका मां उखीमठ, एकता उत्पादन समूह पाबौ, महेंद्र उत्पादन समूह को अपने क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने पर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में तीन जनपदों के 380 किसानों ने शिरकत की। मौके पर डा. डीके राणा, डा. आरके मैखुरी, बीएल शाह आदि ने भी विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम में सेंजो स्कूल किलकिलेश्वर व सेंट थेरेसास पब्लिक स्कूल श्रीनगर के छात्रों ने सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए।