गोपेश्वर। हिमाद संस्था की ओर से बाल सुरक्षा व संरक्षण पर आयोजित अभिमुखीकरण कार्यशाला में बच्चों के स्वास्थ्य, शिक्षा और पोषण पर विशेष ध्यान देने पर चर्चा की गई। संस्था के सचिव उमाशंकर बिष्ट ने कहा कि आज समाज में गरीब, अनाथ और दिव्यांग, शोषण और हिंसा से ग्रसित बाल मजदूर व नशाखोरी में लिप्त बच्चों की संख्या बढ़ती ही जा रही है। इसके लिए पंचायतों से संबंधित सरकारी व गैर सरकारी संगठन बेहतर समन्वय स्थापित कर ऐसे बच्चों को सुरक्षा व संरक्षण दिया जा सकता है। आम लोगों को भी शोषित बच्चों के संरक्षण के लिए आगे आना चाहिए।
चाइल्ड लाइन काउंसलर सुभाष चंद्र ने कहा कि जिले में चाइल्ड लाइन सेवा का व्यापक रूप से प्रचार किया जा रहा है। गांवों में बच्चों के बाल व किशोर समूह बनाकर विभिन्न गतिविधियां संचालित की जा रही हैं, जिससे बच्चों की क्षमताओं को उजागर करने के साथ ही उनके नेतृत्व क्षमता का विकास होगा। इस मौके पर चाइल्ड हेल्प लाइन 1098 की समन्वयक प्रभा रावत, विजय बुटोला, गजेंद्र नेगी, चाइल्ड लाइन के सदस्य नीरज नेगी, दीपक रावत, भागीरथी रावत, पुष्कर लाल, दीपक नेगी आदि मौजूद थे।