भेड़ से उत्पादित ऊन और बकरी पर टैक्स की तैयारी
-- मंडी समिति ने प्रस्ताव तैयार कर विपणन बोर्ड को भेजा
अमर उजाला ब्यूरो
ऋषिकेश। कृषि उत्पादन मंडी समिति ऋषिकेश क्षेत्र में भेड़ से उत्पादित ऊन और बकरी लेकर आने वाले व्यापारियों पर मंडी शुल्क और विकास सैस लगाने की तैयारी कर रही है। अनुमोदन के लिए प्रस्ताव को विपणन केंद्र रुद्रपुर भेजा गया है। इसके साथ ही समिति ने वित्तीय वर्ष 2017-18 दिसंबर तक का 210.33 लाख रुपये का राजस्व प्राप्त किया है। मंगलवार को हरिद्वार रोड स्थित मंडी समिति के सभागार में अध्यक्ष ने सदस्यों के साथ बैठक की। इस दौरान समिति की सचिव नंदनी उनियाल ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2017-18 दिसबंर तक मंडी शुल्क 142.43 लाख और विकास सैस 41.86 लाख रुपये और कुल आय 210.33 लाख रुपए की आय प्राप्त की है।
इस दौरान सचिव ने क्षेत्र में भेड़ से प्राप्त होने वाली ऊन और बकरी लेकर आने वाले व्यापारियों से मंडी शुल्क और सैस वसूलने का प्रस्ताव रखा, जिसे समिति के अध्यक्ष और सदस्यों के माध्यम विपणन बोर्ड रुद्रपुर को अनुमोदन के लिए भेजा गया। इसके अलावा गौहरीमाफी ग्रामसभा में सीसी मार्ग निर्माण, छिद्दरवाला और रायवाला में हाट बाजार में शौचालय निर्माण और पेयजल के इंतजाम, हरिपुरकलां व टिहरी विस्थापित क्षेत्र में सड़क निर्माण के प्रस्ताव भी बैठ में रखे गए।
अध्यक्ष रामविलास रावत ने बताया कि जनवरी के अंतिम सप्ताह में माजरीग्रांट से कृषक उपभोक्ता मंडी और अपणु बाजार कार्यक्रम का संचालन किया जाएगा। संचालन के लिए एक कमेटी गठित करने पर भी समिति की ओर से विचार किए जाने की बात अध्यक्ष ने कही। मौके पर समिति उपाध्यक्ष भगवती प्रसाद सेमवाल, सदस्य प्रेम किशोर जुगरान, राव मुशर्रफ, गंभीर सिंह गुलियाल, बरफ सिंह पोखरियाल आदि मौजूद थे।