कीर्तिनगर। गांवों से शहरीकरण का रूप ले चुके क्षेत्र के करीब आधा दर्जन गांवों और कस्बों में कूड़ा निस्तारण की उचित व्यवस्था नहीं होने से स्वच्छता अभियान को पलीता लगा रहा है। अब प्रशासन की ओर से कूड़ा का सही निस्तारण नहीं करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
विकासखंड कीर्तिनगर के करीब आधा दर्जन गांवों व कस्बों का भले ही शहरीकरण हो चुका है। इन गांवों में स्वच्छता की उचित व्यवस्था नहीं हो पाई है। आज भी इस क्षेत्र के गांवों का कूड़ा लोगों के लिए समस्या बना है। लोग अपने घरों व व्यावसायिक प्रतिष्ठानों का कूड़ा या तो खाली भूमि पर डाल दे रहे है या फिर नालों व गदेरों में फेंक रहे हैं। जगह-जगह कूड़ा फैला होने से आम आदमी परेशान है, वहीं गंदगी व दुर्गंध राहगीरों के लिए समस्या बनी है। क्षेत्र के बागवान, लक्ष्मोली, दुगड्डा, डांगचौरा, मलेथा, मढ़ी कालोनी चौरास, जाखणी के अलावा ग्रामीण क्षेत्रों के बाजारों में कूड़ा निस्तारण की समस्या बनी हुई है। जिलाधिकारी सोनिका ने कहा कि स्वच्छता के लिए जिला पंचायत व ग्राम पंचायतों में बजट की व्यवस्था है। अगर कूड़े की समस्या है तो इसका निरीक्षण कर संबंधितों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। ब्यूरो