श्रीनगर। पालिका में शामिल किए जाने के विरोध में उफल्डा के ग्रामीणों ने एक बार फिर धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया है। ग्रामीणों ने पूर्व में पांच दिन तक अनशन भी किया था, जिसे विधायक के आश्वासन पर स्थगित किया था।
उफल्डा के ग्रामीण पालिका क्षेत्र में मिलाए जाने का विरोध कर रहे हैं, जिसके तहत 28 अक्तूबर से ग्रामीणों ने तहसील परिसर में धरना प्रदर्शन शुरू किया था। 2 से 6 नवंबर तक ग्रामीण कुशाल सिंह रावत, गुमान सिंह व सरोप सिंह ने अनशन भी किया। इस दौरान स्थानीय विधायक मुकेश कोली ने अनशन स्थल पर पहुंच कर आंदोलनकारियों को मुख्यमंत्री से वार्ता कराने का आश्वासन दिया। जिस पर ग्रामीणों ने अपना आंदोलन स्थगित कर दिया था। हालांकि बाद में देहरादून में सीएम के साथ हुई वार्ता पर ग्रामीणों ने असंतोष जताया। बुधवार को धरना देने वालों में प्रधान उम्मेद सिंह, गुमान सिंह, कुशाल सिंह, मनवर सिंह, रमेश रावत, योगेंद्र चौहान, अनीता देवी आदि शामिल थे।