श्रीनगर। बीएससी तृतीय सेमेस्टर के छात्रों की उत्तर पुस्तिका दोबारा जांची जाएगी। विवि के ही एक छात्र की शिकायत के बाद विवि प्रशासन हरकत में आया है। बिना उत्तर पुस्तिका जांचे नंबर रखे जाने के मामले में डीएसडब्ल्यू ने जांच रिपोर्ट कुलपति को सौंपी है। रिपोर्ट में निरीक्षक की ओर से मूल्यांकन ठीक से न किए जाने की बात कही गई है।
दरअसल, बिड़ला परिसर में बीएससी तृतीय सेमेस्टर के छात्र नवदीप ने वनस्पति विज्ञान प्रश्नपत्र में अपेक्षा से कम नंबर आने पर सूचना अधिकार के तहत उत्तर पुस्तिका दिखाए जाने की बात कही थी। जब छात्र ने सूचना अधिकार के तहत उत्तर पुस्तिका देखी तो वह हैरत में रह गया। निरीक्षक ने प्रश्नों के उत्तरों की जांच किए बिना ही उत्तर पुस्तिका में 24 अंक दिए थे। इस पर छात्र ने उक्त शिकायत कुलपति सहित छात्रसंघ के पदाधिकारियों से की थी। कुलपति ने मामले में जांच किए जाने के लिए डीएसडब्ल्यू प्रो. जेपी पचौरी को अधिकृत कर तीन दिनों के भीतर रिपोर्ट दिए जाने के निर्देश दिए थे। मंगलवार को प्रो. पचौरी ने रिपोर्ट कुलपति को सौंप दी। रिपोर्ट में निरीक्षक द्वारा मूल्यांकल ठीक से न किए जाने की बात कही गई है। साथ ही डीएसडब्लयू प्रो. पचौरी ने कुलपति से बीएससी तृतीय सेमेस्टर के तीनों बंडलों के उत्तर पुस्तिकाओं का पुनर्मूल्यांकन कराए जाने का निवेदन भी किया है। प्रो. पचोरी ने रिपोर्ट में लिखा है कि विवि में मूल्यांकन कार्य के लिए आवश्यक दिशा निर्देश, पारदर्शिता आदि नियम बनाने के लिए अलग से उच्च स्तरीय समिति गठित की जाए, जिससे विवि की छवि धूमिल न हो। छात्र संघ अध्यक्ष प्रदीप पंवार व सचिव देवकांत देवराड़ी ने उक्त परीक्षक के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग की है। वहीं वीसी ने उचित कार्रवाई की बात कही है।