श्रीनगर (ब्यूरो)। पुनरीक्षित वेतनमान व पेंशन प्रकरण सहित 4 सूत्री मांगों के लिए बीएसएनएल के अधिकारी/कर्मचारियों ने एक दिवसीय उपवास किया। आंदोलित कर्मचारियों ने निगम मुख्यालय की ओर से कार्यालय परिसर में धरना-प्रदर्शन पर प्रतिबंध लगाने का भी विरोध किया।
बृहस्पतिवार को बीएसएनएल इंप्लाइज यूनियन के बैनर तले संचार कर्मियों ने जिला महाप्रबंधक कार्यालय प्रांगण में आंदोलन किया। निगम के 4 कर्मचारी एक दिवसीय उपवास पर बैठे। इस मौके पर कहा गया कि वर्ष 2000 में भारतीय दूरसंचार विभाग को निगम बना दिया। इसके बाद जो निगम में नौकरी लगे, उनकी पेंशन का सेटलमेंट नहीं हुआ। इससे उनको सेवानिवृत्ति के बाद लाभ नहीं मिल पाएगा। उन्होंने कहा कि निगम में 2007 से वेतनमान पुनरीक्षित नहीं हुआ है। जबकि केंद्र सरकार के विभागों में वेतनमान पुनरीक्षित हो गया है। इसके चलते कर्मचारी/अधिकारियों को पुराने वेतनमान के आधार पर तनख्वाह मिल रही है। कर्मचारियों ने कहा कि बीएसएनएल में सीधी भर्ती से नियुक्त कर्मियों को सालाना वेतन लाभ बहुत कम मिल रहा है। जबकि अन्य निगमों में 30 फीसदी मिल रहा है। उन्होंने रोष व्यक्त किया कि मुख्यालय ने आदेश जारी कर कार्यालय परिसर में आंदोलनात्मक गतिविधियों पर रोक लगा दी है। उन्होंने उक्त आदेश को वापस लेने की मांग की। यूनियन के प्रांतीय अध्यक्ष गणेश काला, जिला सचिव विक्रम नयाल, राम भगत सिंह और चंडी प्रसाद उपवास पर बैठे। सहायक महाप्रबंधक जी रमेश रेड्डी, दिनेश पंवार और सलीम अख्तर आदि ने मांगों के समर्थन में प्रदर्शन किया।