देहरादून जिले के सीमांत क्षेत्र त्यूणी में पुलिस ने हिमाचल प्रदेश नंबर की कार से 125 किलोग्राम डाइनामाइट, दो डेटोनेटर, एक बत्ती और एक तार का रोल बरामद किया। कार में सवार हिमाचल प्रदेश के रिंकू, सुनील और रोहित कालसी क्षेत्र के सीताराम नाम के व्यक्ति को इसकी आपूर्ति करने जा रहे थे। पुलिस ने तीनों के खिलाफ विस्फोटक अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। डाइनामाइट का प्रयोग किस कार्य के लिए किया जाना था पुलिस इसकी जानकारी जुटा रही है।
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के मद्देनजर पछवादून और जौनसार बावर क्षेत्र में पुलिस गश्त और सघन जांच अभियान चला रही है। इसी क्रम में बृहस्पतिवार की रात त्यूणी थाना पुलिस जंगलात बैरियर से आगे कब्रिस्तान के पास वाहनों की जांच कर रही थी। इस दौरान हिमाचल नंबर की कार को रुकने का इशारा किया गया। पुलिस को देख चालक कार को मोड़कर भागने की कोशिश करने लगा। पुलिसकर्मियों ने वाहन को रोक लिया। त्यूणी थाना प्रभारी विनय मित्तल ने बताया कि कार में चालक समेत तीन व्यक्ति सवार थे। पूछताछ करने पर तीनों ने अपना नाम हिमाचल प्रदेश के शिमला के बलग गांव निवासी रिंकू, थाना कोटखाई के सैडोली निवासी सुनील और सिरमौर जिले के थाना रोहणाट निवासी रोहित बताया। पुलिस ने सख्ती से उनसे भागने का कारण पूछा तो उन्होंने कार में विस्फोटक होने की बात बताई।
थाना प्रभारी ने बताया कि कार की तलाशी लेने पर डिग्गी से पांच पेटियों में रखा 125 किलोग्राम डायनामाइट, चालक की सीट के पास रखे दो डिब्बे डेटोनेटर, बीच की सीट में रखी आसमानी रंग की बत्ती का एक रोल और लाल रंग की तार का एक रोल बरामद हुआ। पुलिस पूछताछ में तीनों आरोपियों ने बताया कि कालसी क्षेत्र के रहने वाले सीताराम नाम के व्यक्ति ने उनसे डाइनामाइट और अन्य सामान मंगवाया था। उसने 29 हजार रुपये का ऑनलाइन भुगतान किया था। वह डाइनामाइट की आपूर्ति करने ही जा रहे थे। एसपी देहात रेणू लोहानी ने बताया कि तीनों के खिलाफ विस्फोटक अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। डाइनामाइट और अन्य सामान मंगवाने वाले सीताराम के संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है। सीताराम से पूछताछ के बाद डाइनामाइट के प्रयोग संबंधी जानकारी मिल पाएगी।