एम्स निदेशक पर लगाए आरोप, की गांधीगीरी
-- उत्तराखंड जन विकास मंच ने लोगों से 2438 रुपये का चंदा जुटाकर निदेशक को भेजा
अमर उजाला ब्यूरो
ऋषिकेश। उत्तराखंड जन विकास मंच ने नगर क्षेत्र की जनता और व्यापारियों से दान मांग कर करीब ढाई हजार रुपये की धनराशि एकत्रित कर उसे डिमांड ड्राफ्ट के माध्यम से एम्स निदेशक को भेजा है। आरोप है कि केंद्र सरकार की ओर से दिए जा रहे वेतनमान और सुख सुविधा से एम्स निदेशक की पूर्ति नहीं हो पा रही है। लिहाजा इसकी भरपाई के लिए जनता से सहयोग लिया जा रहा है।
बृहस्पतिवार को मंच अध्यक्ष आशुतोष शर्मा के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने रेलवे रोड़ स्थित अग्रवाल धर्मशाला में एकत्रित हुए। इसके बाद कार्यकर्ताओं ने शहर में घूमकर स्थानीय नागरिकों और व्यापारियों से 2438 रुपये की धनराशि दान के रूप में ली। जिसका डिमांड ड्राफ्ट बनाकर एम्स निदेशक को भेजा गया। शर्मा ने कहा कि एम्स में आउटसोर्स के माध्यम से भर्ती में धांधली और भ्रष्टाचार जारी है, जिसकी पुष्टि बेरोजगार स्थानीय युवाओं के आवेदन पत्र भानियावाला चौक के पास लावारिस हालत में मिलने पर हुई है। बावजूद एम्स प्रशासन खुद को पाक साफ बता रहा है। कहा कि एम्स प्रशासन प्रदेश के बेरोजगार युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रहा है, जिसका पुरजोर विरोध किया जाएगा।
आरोप लगाया कि केंद्र सरकार की ओर से निदेशक को मिलने वाले वेतनमान और अन्य सुविधाएं शायद उनके लिए पर्याप्त नहीं हैं। जिस पर मंच ने दान मांगकर उनकी सुविधाओं की पूर्ति के लिए डिमांड ड्राफ्ट बनाकर भेजा है।
मौके पर सुधीर राय, राजेश व्यास, सुनील राजभर, अदित्य घिल्डियाल , देवेंद्र बेलवाल, विशाल खैरवाल, नत्थी सिंह राणा, गजेंद्र बिष्ट, नरेंद्र कैंतुरा, शैलेंद्र चौहान, मनोज गुप्ता, धर्मपाल सिंह, कुंवर सिंह, सिद्धार्थ त्रिपाठी, विपिन शर्मा, शुभाष शर्मा, दामोदर, सुभाष जखमोला, प्रदीप चंद्रा आदि मौजूद थे।